कैथल: पिता का दोस्त बनकर छात्रा को ठगने वाले दो काबू

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कैथल, 08 मई । साइबर ठगी के एक मामले में थाना साइबर क्राइम कैथल पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में पहले ही दो आरोपियों को काबू किया जा चुका है। पुलिस अब पूरे गिरोह की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि गांव जयवंत जिला नूंह निवासी सापी तथा गांव जुरहेरा जिला डीग (राजस्थान) निवासी जितेंद्र को गिरफ्तार किया है। शिकायतकर्ता सिमरन निवासी देवीगढ़ रोड कैथल ने बताया था कि 26 अप्रैल को उसके मोबाइल पर एक व्यक्ति का फोन आया, जिसने खुद को उसके पिता परमजीत का दोस्त मनोज बताया। आरोपी ने कहा कि उसके पिता ने 90 हजार रुपये भेजने के लिए कहा है और उसे गूगल पे के माध्यम से पैसे ट्रांसफर करने को कहा।

आरोपी ने पहले 10 रुपये, 10 हजार और 20 हजार रुपये के फर्जी ट्रांजैक्शन मैसेज भेजकर भरोसा जीत लिया। इसके बाद उसने गलती से ज्यादा पैसे भेजने का झांसा देकर रुपये वापस करने को कहा। सिमरन ने उसके झांसे में आकर पहले 12 हजार 800 रुपये ट्रांसफर किए। बाद में आरोपी ने व्हाट्सएप के जरिए क्यूआर कोड भेजकर अलग-अलग किस्तों में उससे 27 हजार रुपये, उसकी मां के खाते से 48 हजार रुपये और फिर 20 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए। इस तरह कुल एक लाख सात हजार 800 रुपये की ठगी की गई।

बाद में खातों की जांच करने पर पता चला कि आरोपी ने कोई राशि नहीं भेजी थी और फर्जी मैसेज के जरिए उसे भ्रमित किया गया। शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने बताया कि इस मामले में पहले ही गांव मामलिका जिला मेवात निवासी मोहम्मद मकसूद और नसीम को गिरफ्तार किया जा चुका है। दोनों आरोपी इस गिरोह का हिस्सा हैं।

गिरफ्तार आरोपी जितेंद्र को अदालत के आदेशानुसार न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि आरोपी सापी को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है, ताकि गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और ठगी के नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।