बलरामपुर, 11 मई । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन संकल्प के तहत जिले में लगातार जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में सोमवार को शंकरगढ़ विकासखंड के ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थल डीपाडीह में आम के पेड़ों की छांव तले जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया।
ग्राम पंचायत डीपाडीह में आयोजित शिविर में ग्रामीणों ने बिना किसी झिझक के अपनी समस्याएं अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के सामने रखीं। अधिकारियों ने गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ लोगों की समस्याएं सुनीं। कई मामलों का मौके पर ही निराकरण किया गया, जबकि अन्य आवेदनों के शीघ्र समाधान का भरोसा दिलाया गया।
शिविर को संबोधित करते हुए सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप सुशासन तिहार के माध्यम से आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नागरिक अपनी समस्याओं से संबंधित आवेदन निसंकोच प्रस्तुत करें, सभी मामलों का नियमानुसार निराकरण सुनिश्चित किया जाएगा।
सांसद ने अधिकारियों को लंबित राजस्व प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र श्रमिकों तक पहुंचाना प्राथमिकता होनी चाहिए। सभी श्रमिकों का पंजीयन कर उन्हें योजनाओं से जोड़ने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं की जानकारी अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सभी विभागों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि विभागीय योजनाओं का प्रचार-प्रसार स्थानीय बोली में भी किया जाए, ताकि दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों के लोग योजनाओं को आसानी से समझ सकें और उनका लाभ उठा सकें। सांसद ने शिविर में लगाए गए विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण कर प्राप्त आवेदनों और उनके निराकरण की जानकारी भी ली।
शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए, जहां लोगों को शासकीय योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी दी गई। महिला एवं बाल विकास विभाग के स्टॉल में हरी सब्जियों और पौष्टिक खाद्य पदार्थों का प्रदर्शन कर संतुलित आहार और पोषण के महत्व की जानकारी दी गई। स्थानीय खाद्य सामग्री से तैयार पारंपरिक व्यंजनों को भी प्रदर्शित किया गया। महिलाओं को बताया गया कि पारंपरिक और पौष्टिक भोजन कुपोषण दूर करने में सहायक होता है।
वन विभाग द्वारा वन औषधियों का प्रदर्शन किया गया, वहीं विद्युत विभाग ने बिजली बिल भुगतान और विभागीय योजनाओं से संबंधित जानकारी ग्रामीणों के साथ साझा की। शिविर में ग्रामीणों ने विभिन्न विभागों की गतिविधियों और योजनाओं में विशेष रुचि दिखाई।