जयपुर रेलवे स्टेशन के 150 गौरवशाली वर्ष पूर्ण होने पर ‘स्टेशन महोत्सव’ का आयोजन

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जयपुर रेलवे स्टेशन के 150 गौरवशाली वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में उत्तर पश्चिम रेलवे, जयपुर मंडल द्वारा स्टेशन परिसर में भव्य ‘स्टेशन महोत्सव’ का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सिविल लाइंस के विधायक गोपाल शर्मा, नगर निगम जयपुर के महापौर सुनील कोठारी तथा मंडल रेल प्रबंधक रवि जैन सहित रेलवे मुख्यालय एवं जयपुर मंडल के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। समारोह में जयपुर रेलवे स्टेशन की डेढ़ शताब्दी की गौरवशाली यात्रा, भारतीय रेल की समृद्ध विरासत और आधुनिक रेल सुविधाओं की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को उत्सव के रूप में प्रस्तुत किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रीय गीत के साथ हुआ। इस अवसर पर जयपुर रेलवे स्टेशन के ऐतिहासिक सफर और रेलवे से जुड़ी महत्वपूर्ण उपलब्धियों को दर्शाने वाली विरासत छायाचित्र प्रदर्शनी लगाई गई। विधायक गोपाल शर्मा एवं महापौर सुनील कोठारी ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया तथा मंडल रेल प्रबंधक रवि जैन एवं अन्य अधिकारियों के साथ इसका अवलोकन किया। प्रदर्शनी के माध्यम से रेलवे के ऐतिहासिक विकास, स्टेशन की विरासत और समय के साथ हुए बदलावों को प्रदर्शित किया गया।

स्टेशन महोत्सव के दौरान रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के बैंड ने देशभक्ति गीतों की शानदार प्रस्तुतियां देकर उपस्थित जनसमूह में उत्साह और राष्ट्रप्रेम की भावना का संचार किया। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने समारोह को यादगार बनाया।

इसके साथ ही जयपुर रेलवे स्टेशन के 150 वर्षों के ऐतिहासिक सफर पर आधारित एक लघु फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया, जिसमें स्टेशन की गौरवशाली यात्रा, रेल परिवहन के विकास तथा बदलते समय के साथ रेलवे की प्रगति को दर्शाया गया।

राजस्थान की राजधानी जयपुर का रेलवे स्टेशन वर्ष 1875 से रेल विकास की यात्रा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहा है। जयपुर की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं पर्यटन संबंधी पहचान को देश के विभिन्न हिस्सों से जोड़ने में स्टेशन का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। समय के साथ यात्री संख्या,रेल संपर्क और परिवहन की आवश्यकताओं में वृद्धि के अनुरूप स्टेशन का विकास भी निरंतर होता रहा है।

जयपुर रेलवे स्टेशन के 150 वर्ष पूर्ण होने का अवसर भारतीय रेल की उपलब्धियों को स्मरण करने के साथ-साथ भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित हो रहे रेल नेटवर्क को समझने का महत्वपूर्ण अवसर है। स्टेशन महोत्सव के माध्यम से रेलवे की ऐतिहासिक विरासत को जनसामान्य तक पहुंचाने और नई पीढ़ी को भारतीय रेल के गौरवशाली इतिहास से परिचित कराने का प्रयास किया गया।

जयपुर रेलवे स्टेशन का अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत लगभग 717 करोड़ रुपये की लागत से पुनर्विकास किया जा रहा है। परियोजना के तहत स्टेशन को आधुनिक यात्री सुविधाओं, बेहतर आवागमन व्यवस्था और उन्नत यात्री-अनुकूल अवसंरचना से सुसज्जित किया जा रहा है। स्टेशन के मुख्य प्रवेश द्वार एवं द्वितीय प्रवेश द्वार को जोड़ने के लिए लगभग 108×95 मीटर क्षेत्रफल में एयर कॉनकोर्स विकसित किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त तीन नए फुट ओवर ब्रिज, 30 लिफ्ट एवं 18 एस्केलेटर का प्रावधान किया गया है, जिससे यात्रियों की आवाजाही अधिक सुगम होगी।

स्टेशन के द्वितीय प्रवेश द्वार पर आधुनिक सुविधाओं से युक्त तीन मंजिला भवन का निर्माण किया गया है। यहां आगमन एवं प्रस्थान लॉबी, प्रतीक्षालय, सुरक्षा जांच क्षेत्र, हेल्प डेस्क, लिफ्ट, एस्केलेटर तथा अन्य आवश्यक यात्री सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। परियोजना में पर्यावरण संरक्षण, ऊर्जा दक्षता, वर्षा जल संचयन और सौर ऊर्जा जैसी व्यवस्थाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

जयपुर रेलवे स्टेशन का 150वां वर्ष और स्टेशन महोत्सव भारतीय रेल की गौरवशाली परंपरा तथा आधुनिक विकास के समन्वय का प्रतीक है।