जौनपुर, 03 सितंबर ।उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री की शिकायत पर ड्रग विभाग की टीम ने गुरुवार को जलालपुर क्षेत्र में दो मेडिकल स्टोरों पर छापेमारी कर जांच की। टीम ने दोनों दुकानों से आठ संदिग्ध दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे हैं।
ड्रग इंस्पेक्टर रजत कुमार पांडेय के नेतृत्व में टीम ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) जलालपुर के सामने महिमापुर स्थित न्यू लालता मेडिकल स्टोर पर अचानक निरीक्षण किया। टीम ने मेडिकल स्टोर के साथ संचालक के आवास की भी तलाशी ली। पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी कराई गई। हालांकि, जांच के दौरान मौके पर कोई प्रतिबंधित दवा नहीं मिली। इसके बावजूद ड्रग्स रूल्स, 1945 के तहत संदेह के आधार पर पांच दवाओं के नमूने जांच एवं विश्लेषण के लिए लिए गए।
इसी दौरान टीम को सूचना मिली कि मेडिकल स्टोर संचालक के भाई की महिमापुर में मैसर्स गुरु कृपा मेडिकल एजेंसी नाम से एक अन्य दुकान है। टीम ने वहां भी निरीक्षण किया और तीन संदिग्ध दवाओं के नमूने लिए। इस संबंध में रजत पांडे ने बताया कि
निरीक्षण के दौरान गुरु कृपा मेडिकल एजेंसी में दवाओं के रखरखाव और साफ-सफाई की स्थिति संतोषजनक नहीं मिली। इस पर संचालक को तत्काल दुकान की सफाई कराने और दवाओं को निर्धारित तरीके से व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण की रिपोर्ट सहायक आयुक्त (औषधि), वाराणसी मंडल को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है।
ड्रग इंस्पेक्टर रजत कुमार पांडेय ने बताया कि दोनों प्रतिष्ठानों से कुल आठ संदिग्ध दवाओं के नमूने लिए गए हैं। सभी नमूनों को जांच एवं विश्लेषण के लिए राजकीय औषधि विश्लेषण प्रयोगशाला, लखनऊ भेजा जा रहा है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ड्रग एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट, 1940 के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।