अमृतसर | कोर्ट रोड स्थित सेंट पाल चर्च में डायोसिस ऑफ अमृतसर चर्च ऑफ नॉर्थ इंडिया (डीओए सीएनआई) द्वारा रविवार को पाम संडे का आयोजन धूमधाम से किया गया। इस अवसर पर आयोजित शांति मार्च में शहर के कई इलाकों से ईसाई समुदाय के सदस्य एकत्रित हुए। पाम संडे पर खासतौर पर पाल्मी के पेड़ की डालियों और उनके पत्तों से बने क्रॉस उठाकर समुदाय के सदस्य सड़कों पर निकले। इस मार्च में अजनाला, बटाला, खेमकरण, तरनतारन, अटारी, भिंडी सैदां और अन्य क्षेत्रों से मसीह भाईचारा जुड़ा।
मार्च की शुरुआत चर्च से हुई और यह कोर्ट रोड, क्वीन रोड, कूपर रोड, भंडारी ब्रिज, रेलवे स्टेशन, ग्रैंड होटल रोड होते हुए वापस चर्च में समाप्त हुआ। इस मार्च का उद्देश्य शांति, भाइचारे और एकता का संदेश फैलाना था। उपस्थित लोगों ने शांति और harmony के लिए प्रार्थना की, और अपने समुदाय के बीच धार्मिक एकजुटता का भाव प्रस्तुत किया।
संत पाल चर्च के पादरी और अन्य धार्मिक नेताओं ने इस आयोजन को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यकम से समाज में सांप्रदायिक सद्भाव बढ़ता है। उन्होंने सभी को एकजुट होकर सद्भाव और प्रेम का संदेश फैलाने की आवश्यकता पर जोर दिया। पाम संडे का यह पर्व ईसाई समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है, जिसमें लोग एकत्रित होकर अपने विश्वासों और परंपराओं का पालन करते हैं।
मार्च में शामिल लोगों ने उत्साह से भाग लिया और शांति के प्रतीक के रूप में पाम की डालियों को अपने हाथों में थामे रखा। शांति मार्च के दौरान समुदाय ने गीत गाए तथा प्रभु यीशु मसीह की शिक्षाओं को याद किया। ऐसा माहौल था जिसमें प्रेम, एकता और आदर्शों की प्रतिबद्धता को महसूस किया जा सकता था।
इस पाम संडे के कार्यक्रम में व्यापक जनसामान्य की सहभागिता और सहयोग ने इस आयोजन की गरिमा को और बढ़ा दिया। ईसाई धर्म के अनुयायियों का मानना है कि इस प्रकार के समारोह केवल धार्मिक मान्यताओं का पालन नहीं करते बल्कि सामाजिक एकता और भाईचारे का प्रतीक भी बनते हैं। इस दौरान, आयोजकों ने सभी उपस्थित लोगों का धन्यवाद किया और भविष्य में भी इस तरह के आयोजनों के जरिए समाज में प्रेम और आपसी सहयोग की भावना को बढ़ाने का संकल्प लिया।