कानपुर, 10 जून (हि.स.)। पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर होने से वातावरण में नमी की कमी हो रही है। उधर मरुस्थली हवाओं के आने से तापमान बराबर सामान्य से अधिक चल रहा है, जिससे लोगों को भीषण लू का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल बारिश की संभावना नहीं है।
चन्द्रशेखर आजाद कृषि प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ एस एन सुनील पाण्डेय ने शुक्रवार को बताया कि गोवा, दक्षिण महाराष्ट्र, कर्नाटक के कुछ हिस्सों, तमिलनाडु के शेष हिस्सों, दक्षिण आंध्र प्रदेश के कुछ हिस्सों और पश्चिम मध्य और उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के कुछ और हिस्सों में आज शाम तक मानसून के आगे बढ़ने के लिए स्थितियां अनुकूल होती जा रही हैं। चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र मध्य पाकिस्तान और आसपास के क्षेत्र के ऊपर है। एक ट्रफ रेखा इस चक्रवाती परिसंचरण से पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, पूर्वी बिहार और गंगीय पश्चिम बंगाल की तलहटी में बांग्लादेश तक फैली हुई है। एक अन्य ट्रफ उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल से आंतरिक ओडिशा तक फैली हुई है और यह समुद्र तल से 5.8 किमी ऊपर तक फैली हुई है।
बताया कि कानपुर में अधिकतम तापमान 44.4 और न्यूनतम तापमान 27.0 डिग्री सेल्सियस रहा। सुबह की सापेक्षिक आर्द्रता 63 और दोपहर की सापेक्षिक आर्द्रता 21 प्रतिशत दर्ज की गई। हवाओं की दिशाएं उत्तर पश्चिम रहीं जिनकी औसत गति 6.1 किमी प्रति घंटा रही। बताया कि अगले पांच दिनों में हल्के बादल छाए रहने के साथ तापमान में उतार चढ़ाव के साथ गर्मी, लू अभी फिलहाल बने रहने आसार हैं, किंतु वर्षा की कोई संभावना नहीं है।