जींद : महिला खाप पंचायत मे सामाजिक बुराइयों पर गरजी महिलाएं

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जींद, 23 अगस्त । गांव रामराये के नौगामा चबूतरे पर रविवार को सर्वजातिय महिला खाप पंचायत का आयोजन किया गया। जिसमें महिलाओं ने सामाजिक बुराइयों के खिलाफ आवाज बुलंद की।

भाईचारे तथा सामाजिक तानेबाने को बनाए रखने के लिए सामाजिक बुराइयों के खिलाफ एकजुट होकर लडऩे का आह्वान किया गया। महिला खाप पंचायत में लिव इन रिलेशन, लव मैरिज, टूटते परिवार, गंद तथा गन कल्चर, रीति रिवाजों का ढाली होना, भाईचारे का हाशिये पर जाना समेत महत्व समेत अन्य सामाजिक मुद्दों चर्चा हुई। जिसमें आधा दर्जन प्रस्ताव को सर्वसम्मति पारित किया गया।

उन्होंने अमलीजामा पहनाने का भी निर्णय लिया गया। पंचायत की अध्यक्षता सर्वजातिय महिला खाप की अध्यक्ष डा. सतोष दहिया ने की। महिला खाप पंचायत में विभिन्न जिलों की महिला खाप प्रधान तथा नौगामा खाप के चौधरी भी मौजूद रहे। डा. सतोष दहिया ने कहा कि महिला खाप पचायतों के आयोजन के पीछे समाज को स्वच्छ बनाना है। समय के साथ काफी बुराइयां समाज में आ गई हैं।

सामाजिक मूल्य तथा रीति रिवाज, संस्कार हाशिये पर चले गए हैं। सामाजिक मूल्यों तथा रीति रिवाजों, भाईचारे को बनाए रखना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि लड़कियो को पढ़ाओ लिखाओ लेकिन संस्कार तथा सामाजिक मूल्यो की जानकारी देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि गौत्र, गांव, खेड़ा गुहांड में शादी नही होनी चाहिए। यहा पर रहने वाले सभी परिवार एक होते हंै। लव मेरिज हो लेकिन परिवार की सहमति होनी चाहिए। लडकियां कुछ पहनें लेकिन अर्धनग्रता बर्दाश्त नही। लिव इन रिलेशन कानून में बदला होना चाहिए। बहुत परिवार इससे बर्बाद हो रहे है।

भाईचारा खत्म हो रहा है। परिवार वालों को बच्चों के मोबाइल पर ध्यान रखना होगा। गंद तथा गन कल्चर पर कड़े कदम उठाने होंगे। दहेज भी बड़ी बुराई है। उस पर भी रोक लगाई है। उन्होंने कहा कि नौगाम खाप में 21 गांव आते हैं। जिसमें आपस मे रिश्ते नही होंगे। इनका अपना भाईचारा है। महिला खाप पंचायत के फैसलों को अमली जामा पहनाने के लिए 21 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। जिसमे युवा लड़के, लड़कियों को भी जिम्मेवारी सांैपी गई है। जो लगातार ग्रामीणों को जागरूक करेंगें। जो दहेज लेगा, उसकी चबूतरे पर क्लास लगेगी। उन्होंने कहा कि कानून बनने से पहले सामाजिक कानून थे। जो स्वच्छ समाज का निर्माण करते थे।