पंजाब और चंडीगढ़ के निवासियों को आगामी दिनों में ठंड से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 23 जिलों के लिए घने कोहरे और ठंडे दिन का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। पिछले 24 घंटों में राज्य का औसत अधिकतम तापमान 2.7 डिग्री सेल्सियस गिरा है, जबकि यह सामान्य तापमान से 3.1 डिग्री कम हो गया है। सभी जिलों में अधिकतम तापमान 13.5 डिग्री से लेकर 20 डिग्री के बीच मापा गया है; चंडीगढ़ में यह 15.1 डिग्री है, जो सामान्य से एक डिग्री कम है।
पंजाब के संगरूर में न्यूनतम तापमान सबसे कम 3 डिग्री दर्ज किया गया है, जिसमें पिछले कुछ समय में 6 डिग्री की कमी आई है। फिलहाल बारिश की कोई संभावना नहीं है, लेकिन मौसम विभाग ने सूचित किया है कि 9 जनवरी की रात से बारिश हो सकती है। आज 11 जिलों में कोहरे के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जिनमें पठानकोट, गुरदासपुर, होशियारपुर, फिरोजपुर, फाजिल्का, फरीदकोट, मुक्तसर, मोगा, बठिंडा, मानसा, रूपनगर और मोहाली शामिल हैं। वहीं, अमृतसर, तरनतारन, नवांशहर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, बरनाला, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब, पटियाला और मलेरकोटला में भी ठंडे दिन और घने कोहरे के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग द्वारा लोगों को सलाह दी गई है कि वे इस ठंडक के मौसम में विशेष सतर्कता बरतें। यदि कोई इमरजेंसी ना हो, तो घर से बाहर निकलने से बचना चाहिए, और चेहरा ढक कर रखना अनिवार्य है। इस तरह के मौसम में फ्लू, बहती नाक, और अन्य बीमारियाँ बढ़ने की संभावनाएं होती हैं। ठंड के लंबे समय तक संपर्क में रहने के कारण ये बीमारियाँ अधिक प्रकट होती हैं।
मौसम के चलते शरीर में कंपकंपी आना एक संकेत है कि शरीर की गर्मी कम हो रही है, ऐसे में तुरंत घर के अंदर आना चाहिए। लंबे समय तक ठंड के संपर्क में रहने से शीतदंश जैसी गंभीर चिकित्सा स्थिति उत्पन्न हो सकती है। शीतदंश के लक्षणों में त्वचा का पीला होना, कठोर होना और सुन्न हो जाना शामिल हैं। गंभीर शीतदंश के मामले में उचित चिकित्सा की आवश्यकता होती है।
लोगों को सलाह दी गई है कि वे पर्याप्त सर्दियों के कपड़े पहनें, घर के अंदर रहने का प्रयास करें और ठंडी हवा के संपर्क से बचने के लिए बाहर निकलने की आवृत्ति कम करें। यदि कपड़े गीले हो जाएं, तो तुरंत उन्हें बदलकर शरीर की गर्मी को बनाए रखना आवश्यक है। इस प्रकार, ठंड के मौसम में सावधानी बरतना अपनी सेहत के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।