गाजियाबाद, 19 अप्रैल (हि.स.)। आरआरटीएस कॉरीडोर के निर्माण के लिए सम्पूर्ण बिजली यूटिलिटी शिफ्टिंग या मॉडिफिकेशन का कार्य अब पूरा हो गया है। इसके अंतर्गत आरआरटीएस वायाडक्ट के रास्ते में आने वाली बिजली की सभी एक्सट्रा हाईटेंशन लाइनों और ट्रांसफार्मर को शिफ्ट कर दिया गया है। आनंद विहार से मेरठ तक के कॉरिडोर पर 42 जगहों पर बिजली की हाईटेंशन लाईनों और ट्रांसफार्मर को शिफ्ट या मॉडिफाई किया गया है, जो आरआरटीएस कॉरिडॉर के रास्ते में आ रहे थे।
एनसीआरटीसी के प्रवक्ता पुनीत वत्स ने बताया कि डिस्ट्रिब्यूशन लाइन की शिफ्टिंग एंड मॉडिफिकेशन प्रक्रिया के तहत पुराने सिंगल सर्किट लाइन के बदले डबल सर्किट लाइन डाली गई है और जहां भी पुरानी सर्किट की एक से ज्यादा लाइ्नें बिछी थीं, वहां प्रति लाइन डबल सर्किट (एक रनिंग और एक स्टैंडबाई के रूप में) बिछाया गया है। इससे इन बिजली की हाईटेंशन लाईनों व ट्रांसफार्मर का उन्नयन तो हो ही रहा है, इनकी क्षमता में भी वृद्धि हो रही है।
उन्होंने बताया कि शहरी परिवहन के भारतीय इतिहास में ऐसा पहली बार है, जब एक इतनी वृहद परिवहन परियोजना के क्रियान्वयन के साथ-साथ इतने बड़े स्तर पर डिस्ट्रिब्यूशन लाइन की शिफ्टिंग/ मॉडिफिकेशन कार्य भी कर रही है। एनसीआरटीसी द्वारा किए जा रहे इस दुसाध्य कार्य के नतीजतन राजधानी क्षेत्र को न सिर्फ एक स्टेट ऑफ दी आर्ट, आधुनिक और तीव्र गति की परिवहन व्यवस्था का लाभ मिलेगा बल्कि साथ ही एक उच्च गुणवत्ता वाले, आधुनिक यूटिलिटी इंफ्रास्ट्रक्चर का तोहफा भी मिलेगा।
ज़रूरत के हिसाब से इन लाइनों को कहीं नए टावर लगाकर वायाडक्ट के लेवल से पर्याप्त ऊंचाई पर फिक्स किया गया है, तो कहीं इन्हें भूमिगत डाला गया है, ताकि वायाडक्ट पर ट्रेनों का संचालन सुचारु रूप से किया जा सके। इनमें सबसे ज्यादा बिजली की लाइनें गाजियाबाद से शताब्दी नगर मेरठ क्षेत्र में हटाई गई हैं। इनमें यूपीपीटीसीएल, पावर ग्रिड, एनटीपीसी और पीवीएनएल समेत अन्य बिजली कंपनियों की 66 केवी, 132 केवी, 220 केवी और 400 केवी की लाइनें शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि इस कार्य के तहत अभी तक मेरठ में शताब्दी नगर से मोदीपुरम के बीच के आरआरटीएस कॉरिडोर में लगभग 18 किमी के क्षेत्र में 33 केवी, 11 केवी और 0.4 केवी की लगभग 120 किलोमीटर से ज्यादा लंबी, डबल सर्किट लाइन मुख्य सड़क के दोनों ओर जमीन के नीचे भूमिगत बिछाई गयी है। इसके अलावा इस स्ट्रेच में 50 ट्रांसफॉर्मर भी शिफ्ट किए गए हैं।