जयपुर, 18 मार्च । जयपुर स्थित श्री अमरापुर स्थान के पूज्य संतों ने मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा से शिष्टाचार भेंट कर सिंधी समाज के इष्टदेव भगवान भगवान झूलेलाल के जन्मोत्सव चेटीचंड पर्व एवं हिंदू नववर्ष नवसंवत्सर 2083 की अग्रिम शुभकामनाएं दीं।
श्री अमरापुर स्थान के पूज्य संत मोहन लाल महाराज, संत मोनू राम साईं एवं संत मंडल ने मुख्यमंत्री को श्री प्रेम प्रकाश मंडल, श्री अमरापुर स्थान, जयपुर द्वारा संचालित विभिन्न सेवा कार्यों की जानकारी दी। इनमें श्री अमरापुर जल मंदिर, अन्न भोजन प्रसादी, मोक्ष वाहन (मॉर्चरी बॉक्स) सेवा, स्वामी टेऊँराम हॉस्पिटल तथा स्वामी टेऊँराम गौशाला प्रमुख रूप से शामिल हैं।
संतों ने आचार्य सद्गुरु स्वामी टेऊँराम महाराज द्वारा रचित आध्यात्मिक वाणी—दोहे, पद, छंद, भजन और कविताओं को हिंदी पाठ्यक्रम में शामिल करने का प्रस्ताव भी रखा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में पूर्व में भी शिक्षा मंत्री एवं संबंधित विभागों को प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
संतों ने कहा कि स्वामी टेऊँराम महाराज की वाणी में आध्यात्मिक शिक्षा के साथ सामाजिक समरसता और विश्व बंधुत्व का संदेश निहित है। उनके पदों और दोहों के माध्यम से समाज में प्रेम, सद्भावना और मानवीय मूल्यों का प्रसार होता है। उनका दिया हुआ ‘ॐ सतनाम साक्षी’ मूल मंत्र आज भी अनुयायियों के जीवन में आस्था का आधार बना हुआ है।
उन्होंने बताया कि स्वामी की वाणी सरल, सुगम और गूढ़ अर्थों से परिपूर्ण है, जिसमें वेदों का सार सोलह शिक्षाओं के रूप में समाहित है।