शिमला, 30 अक्टूबर । शिमला जिले में नशा तस्करी के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई में इस साल अब तक 291 मामले दर्ज कर 586 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें 567 पुरुष और 19 महिलाएं शामिल हैं। नशे के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 69 लोगों से जुड़ी 12 करोड़ 52 लाख 32 हजार 868 रुपये की संपत्ति फ्रीज की है। वहीं, वर्ष 2026 में अब तक नशा तस्करी के 66 नेटवर्क ध्वस्त किए गए हैं।
शुक्रवार को जिला नारको कोऑर्डिनेशन सेंटर (एनकॉर्ड) की बैठक उपायुक्त अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में हुई। इसमें वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह ने पुलिस अभियान की रिपोर्ट प्रस्तुत की। आंकड़ों के अनुसार अक्टूबर महीने में 28 मामले दर्ज कर 48 लोगों को गिरफ्तार किया गया। इनमें 46 पुरुष और दो महिलाएं शामिल हैं। इस साल की कुल गिरफ्तारियों में 91 आरोपी पिछली अवधि के मामलों से संबंधित (बैकवर्ड) और 17 आगे की कार्रवाई से संबंधित (फॉरवर्ड) श्रेणी में दर्शाए गए हैं।
पुलिस ने नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान के तहत इस साल 19 स्कूलों का दौरा किया और छह कार्यक्रम आयोजित किए। इसके अलावा 15 पंचायत बैठकों में भाग लिया गया। थाना प्रभारियों और पुलिस चौकी प्रभारियों ने भी छह स्कूलों का दौरा किया। हालांकि, नशा मुक्ति केंद्रों के दौरे और भांग की खेती नष्ट करने की कार्रवाई के आंकड़े शून्य दर्ज किए गए हैं।
अतिक्रमण और अवैध कब्जों से जुड़े मामलों में 2,003 लोगों का सत्यापन करने का लक्ष्य रखा गया है। इनमें से 940 का सत्यापन पूरा हुआ है, जबकि 1,063 लंबित हैं। पुलिस थाना रोहड़ू क्षेत्र में अतिक्रमण के दो मामले सामने आए, जिन्हें ध्वस्त किया गया। नशा तस्करी के नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई में वर्ष 2025 में चार और वर्ष 2024 में भी चार नेटवर्क ध्वस्त किए गए थे। अवैध नशीले पदार्थों की खेती के संबंध में पुलिस थाना देहा में एक मामला दर्ज है।
उपायुक्त अनुपम कश्यप ने सभी एसडीएम को अपने क्षेत्रों के प्रत्येक शिक्षण संस्थान तक नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान पहुंचाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशा छोड़ चुके युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए भी प्रयास किए जाने चाहिए। एसडीएम और डीएसपी को अगली बैठक में अपने क्षेत्रों में किए गए कार्यों की रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। उन्होंने सरकारी जमीन पर अतिक्रमण करने वाले ढाबों के खिलाफ कार्रवाई और कब्जे हटाने के निर्देश भी दिए।
