खूंटी के जाने-माने और लोकप्रिय चिकित्सक डॉ. सुधीर कुमार सांडिल्य का मंगलवार रात निधन हो गया। वे पिछले एक सप्ताह से रांची के राज अस्पताल में इलाजरत थे। बुधवार को वे अपने आवास लौटे थे और उस समय उनकी तबीयत सामान्य बताई गई। देर शाम अचानक हृदय संबंधी परेशानी होने पर उन्हें खूंटी सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां रात करीब 10 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली।
डॉ. सांडिल्य ने खूंटी सदर अस्पताल के अलावा मुरहू और बंदगांव के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में प्रभारी चिकित्सक के रूप में लंबे समय तक अपनी सेवाएं दी थीं। ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षों तक चिकित्सा सेवा देने के कारण वे लोगों के बीच खासे लोकप्रिय थे।
मरीजों के प्रति उनका आत्मीय व्यवहार और सहज-मजाकिया अंदाज उनकी अलग पहचान थी। गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों से भी वे मुस्कुराकर बात करते और उनका हौसला बढ़ाते थे। उनके व्यवहार और इलाज के प्रति लोगों में गहरा विश्वास था। यही कारण था कि खूंटी के साथ-साथ मुरहू और बंदगांव के ग्रामीण क्षेत्रों में भी उनकी अच्छी पहचान थी।
सेवानिवृत्ति के बाद डॉ. सांडिल्य खूंटी के लॉबिन बागान में रहते थे और निजी क्लीनिक में मरीजों का इलाज करते थे।
उनके निधन की खबर फैलते ही खूंटी, मुरहू और बंदगांव क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में लोगों ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र ने एक संवेदनशील, मिलनसार और समर्पित चिकित्सक को खो दिया है। उनके निधन से चिकित्सा जगत के साथ-साथ उनके मरीजों और शुभचिंतकों में भी शोक व्याप्त है।