पूर्वी सिंहभूम, 29 जुलाई ।
रहबर फाउंडेशन ने अपने मिशन “जरूरतमंद लोगों की मदद और गरीबी उन्मूलन” के तहत जुगसलाई ईदगाह मैदान में 100 जरूरतमंद लोगों के बीच फल और सब्ज़ी बेचने के लिए ठेलों का वितरण किया।
कार्यक्रम से पहले संस्था ने सभी लाभार्थियों का गहन सत्यापन किया। इसके बाद प्रत्येक पात्र व्यक्ति को नया ठेला दिया गया। साथ ही व्यवसाय शुरू करने में किसी तरह की कठिनाई न हो, इसके लिए हर ठेले के साथ आठ से दस प्रकार के ताज़े फल और सब्ज़ियां भी उपलब्ध कराई गईं, जिससे लाभार्थी पहले ही दिन से अपनी आजीविका का संचालन शुरू कर सकें।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में गुलाम रसूल बलियावी, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्लाह ख़ान, डॉ ज़रकानी और मौलाना रौशन ज़मीर नूरी उपस्थित थे।
अतिथियों ने रहबर फाउंडेशन के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि गरीबी दूर करने का सबसे प्रभावी उपाय लोगों को रोजगार और स्वरोज़गार से जोड़ना है।
उन्होंने कहा कि जब किसी व्यक्ति को मेहनत के बल पर सम्मानपूर्वक कमाने का अवसर मिलता है, तो वह न केवल अपने परिवार का भविष्य संवारता है, बल्कि समाज की प्रगति में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
ठेले प्राप्त करने वाले लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। कई विधवा महिलाओं और बेरोज़गार युवाओं ने संस्था के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहायता उनके जीवन में नई उम्मीद लेकर आई है। अब वे किसी पर निर्भर रहने के बजाय अपने परिश्रम से परिवार का भरण-पोषण कर सकेंगे।
रहबर फाउंडेशन के पदाधिकारियों ने बताया कि संस्था का उद्देश्य केवल राहत सामग्री उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि जरूरतमंद लोगों को स्थायी रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
इसी सोच के साथ समय-समय पर स्वरोज़गार आधारित कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को सम्मानजनक आजीविका का अवसर मिल सके।