फाजिल्का जिले के जलालाबाद क्षेत्र में एक चिंताजनक घटना सामने आई है, जिसमें तीन अलग-अलग गांवों के गुरुद्वारा साहिब से एक ही रात में गोलक चोरी होने की सूचना मिली है। यह घटनाएँ गांव घुबाया, चक मोचन वाला और ज्वालेवाला के गुरुद्वारा साहिब में हुई। स्थानीय निवासियों के अनुसार, जब वे सुबह गुरुद्वारा साहिब पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि गोलक गायब थी। यह जानकर उन्हें बेहद निराशा का अनुभव हुआ। मामले की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
गांव हीरावाली के निवासी जरनैल सिंह और गांव घुबाया के पाठी साहिबान ने बताया कि वे जब गुरुद्वारा साहिब पहुंचे, तब उन्हें चोरी की जानकारी मिली। इसके बाद उन्होंने सुरक्षा कैमरों की रिकॉर्डिंग चेक की, जिसमें यह स्पष्ट हुआ कि अज्ञात लोग रात के समय गुरुद्वारे में दाखिल हुए और वे गोलक चुराकर ले गए। घटना के बाद स्थानीय निवासियों में भय और चिंता का माहौल पैदा हो गया है। उन्होंने इस संबंध में पुलिस अधिकारियों को सूचना दी है, जिससे पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले की गंभीरता से जांच आरंभ कर दी है।
पुलिस की ओर से मिली जानकारी के अनुसार, गांव घुबाया की गोलक में करीब 2000 रुपये थे, जबकि गांव हीरावाली की गोलक से लगभग 1500 रुपये की चोरी हुई है। उल्लेखनीय है कि चोरों ने रुपये निकालने के बाद गोलक को वहीं पर फेंक दिया। वहीं, गांव ज्वालेवाला के गुरुद्वारा साहिब की गोलक में 10,000 रुपये थे। इस प्रकार, तीनों गांवों के गुरुद्वारों में हुई इस चोराई ने स्थानीय समुदाय में असुरक्षा की भावना को तेज कर दिया है।
पुलिस अधिकारी बलकार सिंह ने इस मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि उन्हें चोरी की घटनाओं की सूचना मिली है और वे इसकी जांच कर रहे हैं। उन्होंने का कि पुलिस पहले ही तीनों स्थानों पर जा चुकी है और आवश्यक पहलुओं की जांच कर रही है। अधिकारी ने यह भी बताया कि चोरों की पहचान करने के लिए सभी उपलब्ध तकनीकी संसाधनों का इस्तेमाल किया जाएगा, ताकि उन्हें जल्द से जल्द पकड़ा जा सके और आम जनता को सुरक्षा का आश्वासन दिया जा सके।
इस घटना ने न केवल गांवों के निवासियों को चिंता में डाला है, बल्कि यह बताता है कि धार्मिक स्थलों जैसी पवित्र जगहों को भी चोरों से सुरक्षित नहीं रखा जा सका। ऐसे में, स्थानीय प्रशासन और पुलिस से अपेक्षा है कि वे इस मामले को गंभीरता से लेंगे और जल्द से जल्द दोषियों को पकड़कर कानून के कटघरे में पेश करेंगे। स्थानीय समुदाय ने भी इस घटना के खिलाफ कल्याणकारी उपायों की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।