रविवार शाम तक पैतृक ग्राम नोनिया करबल पहुंच सकता है विवेक का शव
भोपाल, 5 मई (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर के पुंछ में शनिवार शाम भारतीय वायुसेना के काफिले पर आतंकी हमले में बलिदान होने वाला जवान मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले का है। नोनिया करबल निवासी जवान विक्की पहाड़े की मौत की खबर से पूरे जिले में शोक की लहर है।
जम्मू कश्मीर के पुंछ जिले में वायु सेवा के काफिले पर आतंकियों ने हमले में घायल वायु सेवा के पांच जवानों को हेलीकॉप्टर के माध्यम से उधमपुर आर्मी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इनमें छिंदवाड़ा के नोनिया करबल निवासी कॉर्पोरल विक्की पहाड़े भी शामिल थे। आर्मी अस्पताल में उपचार के दौरान देर रात कॉर्पोरल विक्की पहाड़े की मौत हो गया। विक्की पहाड़े ने देश की सेवा करते हुए अपनी जान कुर्बान कर दी। उनकी इस कुर्बानी पर देशभर में गम का माहौल है।
33 वर्षीय विक्की पहाड़े साल 2011 में वायुसेना में भर्ती हुए थे। उनके परिवार में मां दुलारी बाई, पत्नी रीना और पांच साल का बेटा हार्दिक है। पिता दिमाक चंद का निधन हो चुका है। तीन बहनों की शादी हो चुकी है। 10 दिन पहले ही उनकी छोटी बहन की गोद भराई की रस्म थी। इसके लिए वह एक महीने की छुट्टी लेकर गांव आए थे और 18 अप्रैल को ही वे ड्यूटी पर लौटे थे। विक्की अपने पांच साल के बेटे का जन्मदिन मनाने के लिए 7 मई को छिंदवाड़ा आने वाले थे, लेकिन इससे पहले ही उनके निधन की खबर गांव पहुंच गई। उनकी शहादत की खबर सुनकर उनकी पत्नी और मां बेसुध हो गईं। रविवार शाम तक उनका शव उनके पैतृक ग्राम नोनिया करबल पहुंचने वाला है।