06HINT11 नेपाल में पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह को यूएमएल अध्यक्ष ओली की सलाह पर राजनीतिक मंच पर लाने का दावा
काठमांडू, 06 अप्रैल (हि.स.)। नेपाल में सीपीएन (यूएमएल) के पूर्व केंद्रीय सदस्य दुर्गा परसाई ने खुलासा किया है कि पार्टी अध्यक्ष केपी शर्मा ओली की सलाह पर पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह को झापा जिले में सार्वजनिक मंच पर लाया गया था। परसाई ने खुलासा किया है कि पार्टी अध्यक्ष ओली हिंदू राष्ट्र की स्थापना के पक्ष में हैं।
राष्ट्र, राष्ट्रीयता, धर्म, संस्कृति और नागरिक सुरक्षा अभियान के समन्वयक परसाई ने बुधवार को झापा में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान खुलासा किया कि जब वह यूएमएल में थे, तब ओली ने व्यक्तिगत बातचीत में उनसे कहा था कि वे हिंदू राष्ट्र और संवैधानिक राजतंत्र के पक्ष में हैं। परसाई ने यह भी दावा किया कि ओली संघवाद को खत्म करने के भी पक्ष में थे।
परसाई ने खुलासा किया कि उन्होंने ओली के साथ पूर्व क्राउन प्रिंस पारस शाह से बातचीत करवाने की व्यवस्था की थी। परसाई ने कहा कि फरवरी में झापा जिले में आयोजित एक राजनीतिक कार्यक्रम में पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह के साथ ओली भी शामिल होने वाले थे लेकिन उन्होंने अंतिम क्षणों में आने से मना कर दिया ।
विवादास्पद व्यवसायी दुर्गा परसाई ने यूएमएल छोड़ दिया है। वे खुले तौर पर हिंदू राष्ट्र और संवैधानिक राजतंत्र के पक्ष में खड़े हैं। परसाई ने अपने अभियान को देशव्यापी रूप दे दिया है।
हाल ही में नेपाल में हिंदू राष्ट्र और संवैधानिक राजतंत्र के पक्षधर संघवाद को खत्म करने का मुद्दा उठाकर सक्रिय हो गए हैं। पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह के राजनीतिक बयान समय–समय पर आते रहे हैं।