20HREG154 जोशीमठ को लेकर किया जा रहा भ्रामक प्रचारः गोविन्दानंद
हरिद्वार, 20 जनवरी (हि.स.)। दण्डी स्वामी गोविंदानंद सरस्वती जोशीमठ का दौरा करने के बाद हरिद्वार पहुंच गए हैं। भूपतवाला क्षेत्र में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि जोशीमठ में हो रहे भू-धंसाव के लिए सरकार अपनी ओर से अथक प्रयास कर रही है। उन्होंने कहाकि उन्होंने नृसिंह मंदिर में मुख्यमंत्री के संग पूजा-अर्चना कर जोशीमठ की सुरक्षा के लिए भगवान से प्रार्थना की थी। उन्होंने कहाकि सभी सुरक्षित रहे इसके लिए सभी को प्रार्थना करनी चाहिए। इतना ही नहीं स्वामी गोविंदानंद सरस्वती ने कहा कि आने वाले समय में जिस तरह का जोशीमठ को लेकर भ्रामक प्रचार किया जा रहा है, यह सब गलत है।
स्वामी गोविंदानंद सरस्वती ने कहा कि जोशीमठ को कोई खतरा नहीं है, सिर्फ जोशीमठ में 5 प्रतिशत नुकसान हुआ है, जिसे मैंने खुद अपनी आंखों से देखा है। मेरी कई विशेषज्ञों से बात हुई है। उन्होंने भी यही बात मुझे बताई है। कुछ लोग जानबूझकर जोशीमठ को लेकर भ्रामक प्रचार कर रहे हैं, जो कि गलत हैं। उन्हें समझना चाहिए कि इस तरह के भ्रामक प्रचारों का क्या असर आमजन पर पड़ता है? स्वामी गोविन्दानंद ने कहाकि जोशीमठ का 360 डिग्री एंगल में विस्तार होना चाहिए। अनियंत्रित विकास समस्या की जड़ है। सरकार नियोजित विकास की योजना बना रही है। स्वामी गोविंदानंद सरस्वती ने कहा कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद वैसे तो मेरे गुरु भाई हैं, लेकिन जब से स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद जोशीमठ गए हैं, तब से लगातार लोगों को भड़काने वाले बयान दे रहे हैं, जबकि इस स्थिति में लोगों को समझा कर सरकार का साथ देना चाहिए।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद द्वारा शुरू किए गए रक्षा महायज्ञ पर स्वामी गोविंदानंद सरस्वती ने कहा कि यह महायज्ञ अपने आपको शंकराचार्य की गद्दी पर स्थापित करने के लिए किया जा रहा है। इतना नहीं जोशीमठ में हो रही घटना का फायदा उठाकर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद अपने आप को स्थापित करने में लगे हुए हैं, जो कि गलत है। यज्ञ कर अपने आपको लोगों को शंकराचार्य बता रहे हैं, जो कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना है।