जयपुर, 17 अक्टूबर । राजस्थान हाईकोर्ट ने शनिवार को मौजमाबाद पंचायत समिति सदस्य पद के लिए 22 अक्टूबर को होने वाले चुनाव में याचिकाकर्ता का नामांकन पत्र अस्वीकार करने वाले रिटर्निंग अधिकारी के आदेश को सही करार दिया है। जस्टिस रवि चिरानिया की विशेष बेंच ने यह आदेश जीतू देवी की याचिका को खारिज करते हुए दिए।
याचिका में रिटर्निंग अधिकारी के 15 अक्टूबर 2026 के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें एक से ज्यादा प्रस्तावक होने के आधार पर याचिकाकर्ता का नामांकन पत्र अस्वीकार कर दिया था।
याचिकाकर्ता ने अदालत में याचिका दायर कर नामांकन पत्र अस्वीकार करने वाले आदेश को निरस्त करने का आग्रह किया था। जिसके जवाब में एएजी कपिल प्रकाश माथुर ने कहा कि पंचायती राज चुनाव नियम, 1996 की धारा 58 जी के तहत प्रावधान है कि यदि कोई मतदाता एक से ज्यादा नामांकन पत्र पर प्रस्तावक बना है तो उसका दूसरा नामांकन पत्र खारिज माना जाएगा। इसके अलावा धारा 80 के तहत यदि कोई नामांकन पत्र खारिज हो चुका है तो उसे केवल चुनाव याचिका के जरिए ही चुनौती दी जा सकती है। ऐसे में रिटर्निंग अधिकारी की ओर से याचिकाकर्ता के नामांकन पत्र को दूसरे प्रस्तावक के कारण अस्वीकार किया है, जो सही है। इसलिए इसे याचिका के जरिए चुनौती नहीं दी जा सकती। इसलिए याचिका को खारिज की जाए। दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद अदालत ने याचिका को खारिज कर दिया है।
