कमांड स्तर की प्रतियोगिताओं में रजत व स्वर्ण पदक हासिल किए।
23 अप्रैल
2026 को रूड़की में सेना की खेल प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने के बाद वे कार से
अपने गांव लौट रहे थे। बड़ौत के पास उनकी कार पुलिया से टकरा गई और मौके पर ही उनकी
मृत्यु हो गई। सूचना मिलते ही परिवार और गांव में शोक फैल गया। ग्रामीणों ने यमुना
घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया, जहां क्षेत्रीय विधायक कृष्ण गहलोत ने भी संवेदना
व्यक्त की। सेना की ओर से नायब सूबेदार जयबीर, हवलदार सतबीर, हवलदार सुजीत और लांस
नायक मुकेश हुड्डा मौजूद रहे।
परिजनों
ने बताया कि एक साल पहले उनके पिता का निधन हो चुका था और उनका छोटा भाई भी सेना में
सेवा दे रहा है। स्थानीय लोगों ने कहा कि कृष्ण का जाना क्षेत्र और देश के लिए बड़ी
क्षति है। उन्होंने एक होनहार धावक और समर्पित सैनिक के रूप में पहचान बनाई थी।