सहायक उप निरीक्षक धर्मबीर अपनी टीम के साथ गांव मुरथल बस अड्डे के पास गश्त पर थे।
इसी दौरान सूचना मिली कि गांव कंसाला निवासी कुख्यात अपराधी विश्वजीत और उसका साथी
चितरंजन अपने अन्य साथियों के साथ महंदीपुर यमुना बांध की तरफ एक सफेद बोलेरो गाड़ी
में घूम रहे हैं। उनके पास अवैध हथियार हैं और वे किसी बड़ी वारदात की फिराक में हैं।
सूचना
के आधार पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। कच्चे रास्ते पर खड़ी संदिग्ध
गाड़ी को देखकर उसमें बैठे युवक उतरकर भागने लगे। इसी दौरान आरोपियों ने पुलिस पर जान
से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। पुलिसकर्मियों ने बुलेट प्रूफ जैकेट पहन रखी
थी, जिससे उनकी जान बच गई। जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में फायरिंग की, जिसमें दो
आरोपी घायल होकर गिर पड़े।
घायल
आरोपियों की पहचान गांव कंसाला निवासी विश्वजीत और चितरंजन के रूप में हुई। इनके पास
से अवैध हथियार बरामद किए गए। वहीं मौके पर छिपे अन्य तीन आरोपियों को भी पुलिस ने
काबू कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने चार मार्च 2026 को गांव बराणी से
एक बालक का अपहरण कर पांच करोड़ रुपये की फिरौती ली थी। इस संबंध में थाना बेरी में
पहले से मामला दर्ज है। घायल आरोपियों को प्राथमिक उपचार के बाद नागरिक अस्पताल सोनीपत
भेजा गया। इस पूरे मामले में थाना मुरथल में मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई।