धौलपुर, 20 फरवरी । धौलपुर जिला पुलिस द्वारा बेटियों को आत्मरक्षा के मामले में आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस पहल के तहत महिला आत्मरक्षा प्रशिक्षण टीम स्कूलों और कॉलेजों में छात्राओं को आत्मरक्षा संबंधी प्रशिक्षण प्रदान कर रही है। अभियान का उद्देश्य छेड़छाड़, छींटाकशी और अन्य आपात परिस्थितियों में बेटियों को स्वयं की सुरक्षा के लिए सक्षम बनाना है।
जिला पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने बताया कि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (अपराध एवं अनुसंधान प्रकोष्ठ) हवा सिंह के निर्देशन में जिलेभर में महिलाओं और बालिकाओं के प्रति होने वाली आपराधिक घटनाओं की रोकथाम एवं जागरूकता के लिए व्यापक अभियान संचालित किया जा रहा है। इसी क्रम में शुक्रवार को बौरेली एवं बसई नबाब क्षेत्र में महिला पुलिस टीम ने छात्राओं को आत्मरक्षा प्रशिक्षण दिया। अभियान के तहत महिला आत्मरक्षा दल जिले के विभिन्न स्कूलों, कॉलेजों, कोचिंग सेंटरों तथा भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर पहुंचकर बालिकाओं और महिलाओं को संकट की स्थिति में बचाव के व्यावहारिक उपाय सिखा रहा है।
प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं और बच्चियों को महिला एवं बाल सुरक्षा से संबंधित कानूनों की जानकारी दी गई। महिला हेल्पलाइन 1090 तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के बारे में विस्तार से बताया गया, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तुरंत पुलिस सहायता प्राप्त की जा सके। साथ ही महिलाओं के विरुद्ध अपराधों के संबंध में जागरूकता भी प्रदान की गई। महिला आत्मरक्षा प्रशिक्षण दल की महिला हैंडकांस्टेबल श्रीमती मुन्नी देवी, श्रीमती शबाना, श्रीमती ओमवती एवं अन्य महिला कर्मियों ने आत्मरक्षा के विभिन्न तकनीकी गुर सिखाए।
एसपी सांगवान ने बताया कि जिले में शहर एवं उपखंड मुख्यालयों सहित रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, पार्क, कोचिंग सेंटर, गर्ल्स हॉस्टल और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर पुलिस द्वारा सतत निगरानी रखी जा रही है। ट्रेनों, बसों, जीप और ऑटो जैसे परिवहन साधनों में सादा वर्दीधारी पुलिसकर्मियों की तैनाती कर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है। इसके अतिरिक्त कालिका यूनिट, मानव तस्करी विरोधी यूनिट तथा थाना पुलिस द्वारा महिला गरिमा हेल्पलाइन 1090, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 एवं संबंधित जिलों के व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है, ताकि महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को और सुदृढ़ बनाया जा सके।