खाचरोद, 19 फरवरी । मध्य प्रदेश के मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले के खाचरोद नगर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बुधवार रात अचानक मौसम ने करवट ले ली। तेज बारिश के साथ चली आंधी जैसी हवाओं ने किसानों की चिंताएं बढ़ा दीं। बारिश भले ही कुछ देर में थम गई, लेकिन तेज हवाओं का असर गुरुवार सुबह तक बना रहा।
मौसम में आए बदलाव से तापमान में भी भारी गिरावट दर्ज की गई। बुधवार दोपहर जहां पारा करीब 30 डिग्री सेल्सियस था, वहीं रात होते-होते यह गिरकर 16 डिग्री तक पहुंच गया, जिससे ठंडक बढ़ गई।
लगातार दो दिनों से हो रही बारिश और तेज हवाओं के कारण क्षेत्र में गेहूं की तैयार फसल आड़ी पड़ गई है। कई किसानों की फसल पूरी तरह बर्बाद होने की आशंका जताई जा रही है। वर्तमान में गेहूं की फसल कटाई के लिए लगभग तैयार है और कुछ ही दिनों में कटाई शुरू होने वाली थी। ऐसे में फसल के गिर जाने से उत्पादन और बाजार में आवक दोनों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना है।
विकासखंड खाचरोद के लगभग 18 गांवों में फसल नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
किसानों का कहना है कि इससे पहले सोयाबीन की फसल भी अतिवृष्टि की भेंट चढ़ चुकी है, जिससे वे पहले ही आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। अब गेहूं की फसल को हुए नुकसान ने उनकी स्थिति और गंभीर कर दी है।
मौसम की मार झेल रहे किसानों ने शासन-प्रशासन से सर्वे कराकर शीघ्र मुआवजा दिलाने की मांग उठाई है।