पंजाब सरकार ने बिजली कनेक्शन लेने की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए दो बड़े सुधारों की घोषणा कर दी है, जो अब उपभोक्ताओं के लिए काफी सुविधाजनक साबित होंगे। बिजली मंत्री संजीव अरोड़ा ने मंगलवार को कहा कि 50 किलोवाट तक LT (लाइटनिंग टैक्स) लोड वाले उपभोक्ताओं के लिए नया कनेक्शन या लोड बढ़ाने के लिए लाइसेंसधारी इलेक्ट्रिकल कॉन्ट्रेक्टर की टेस्ट रिपोर्ट जरूरत नहीं होगी। इसके बजाय उपभोक्ताओं को ऑनलाइन आवेदन मंच पर स्व-घोषणा देनी होगी कि उन्होंने बिजली फिटिंग के लिए संबंधित कॉन्ट्रैक्टर से काम कराया है। इस कदम से प्रक्रियागत देरी कम होगी और उपभोक्ता को सीधे कनेक्शन मिल सकेगा, जिससे बिजली कनेक्शन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी और उपभोक्ता सुविधा बढ़ेगी। साथ ही HT/EHT कनेक्शन के लिए चीफ इलेक्ट्रिकल इंस्पेक्टर की रिपोर्ट आवश्यक रहेगी, पर टेस्ट रिपोर्ट की जरूरत समाप्त हो जाएगी।
सरकार ने लाइनमैन ट्रेड में 2,600 युवाओं के चयन की प्रक्रिया भी पूरी कर ली है। चयनित 2,600 ट्रेनी लाइनमैन में से 2,500 को पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (PSPCL) में और 100 को पंजाब स्टेट ट्रांसमिशन कॉर्पोरेशन लिमिटेड (PSTCL) में नियुक्त किया जाएगा। इससे ऊर्जा क्षेत्र में युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और बिजली विभाग की кадровीय क्षमता भी बढ़ेगी। वहीं, अप्रैल 2022 से अब तक PSPCL और PSTCL में कुल 8,984 नई भर्तियाँ हुई हैं, जिनमें 2,023 असिस्टेंट लाइनमैन, 48 इंटरनल ऑडिटर और 35 रेवेन्यू अकाउंटेंट शामिल हैं। यह उल्लेखनीय भर्ती प्रवृत्ति विभाग के भविष्य के योजनाबद्ध विकास की दिशा दर्शाती है।
बिजली विभाग ने यह स्पष्ट कर दिया है कि 50 किलोवाट तक के कनेक्शन के लिए स्व-घोषणा पर्याप्त होगी, जबकि इससे अधिक लोड के उपभोक्ताओं के लिए टेस्ट रिपोर्ट अनिवार्य रहेगी, लेकिन PSPCL अधिकारी उसकी सत्यापन नहीं करेंगे। HT और EHT कनेक्शन के लिए भी Chief Electrical Inspector की रिपोर्ट आवश्यक रहेगी, लेकिन टेस्ट रिपोर्ट की आवश्यकता समाप्त कर दी गई है। इन सुधारों से प्रक्रिया की गति बढ़ेगी, उपभोक्ता के समय की बचत होगी और प्रशासनिक पारदर्शिता बढ़ेगी। Agriculture उपभोक्ताओं (AP श्रेणी) पर यह नियम लागू नहीं होगा।
छोटी उद्योगों को भी इस फैसले का लाभ मिलेगा, क्योंकि 50 किलोवाट तक के कनेक्शन छोटे कारोबारी रखने वाले उपभोक्ताओं को सुविधाजनक होंगे, जिससे पंजाब के छोटे उद्योगों की वृद्धि संभव होगी। इसके साथ ही नियमों के अनुसार Powercom को कुल कर्मचारियों के 2.5 प्रतिशत से 15 प्रतिशत तक ट्रेनी नियुक्त करने होंगे। इस नीति के अनुसार 2025–26 के लिए 2,600 ट्रेनीज का चयन पूरा कर लिया गया है, जिनकी प्रशिक्षण अवधि एक वर्ष होगी और प्रशिक्षण के दौरान उन्हें 7,700 रुपये प्रतिमाह स्टायपेंड दिया जाएगा। वर्ष 2023–24 में 1,500 प्रशिक्षु सफलतापूर्वक प्रशिक्षित भी किए गए थे। यह कदम युवाओं को तकनीकी कौशल और रोजगार के अवसर प्रदान करेगा, जिससे पंजाब में ऊर्जा क्षेत्र की कुशलता और सुचारू विद्युत आपूर्ति को बल मिलेगा।
अधिक जानकारी और अद्यतन के लिए देखें: PSPCL और PSTCL. यह खबर पावर विभाग के आधिकारिक बयानों और पंजाब सरकार के ऊर्जा मिशन को केंद्र में रखकर प्रस्तुत की जा रही है ताकि उपभोक्ता और उद्योग दोनों के लिए SEO-उपयुक्त जानकारी प्राप्त हो सके। Punjab Energy Department की आधिकारिक साइट भी देखें ताकि नीति-निर्णयों के साथी दस्तावेज मिल सकें।