रामनवमी पर रामलला के 18 घंटे दर्शन, ड्रोन से होगी सरयू जल की बौछार!

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रामनवमी का पर्व इस बार अयोध्या में धूमधाम से मनाया जाएगा, जहाँ रामलला 18 घंटे तक दर्शन देंगे। राम मंदिर के कपाट सुबह 5 बजे खुलेंगे और भोग के समय के दौरान ही पर्दा रहेगा। इसके अलावा, भक्तों के लिए अयोध्या में रात 11 बजे तक दर्शन का सिलसिला जारी रहेगा, और खास बात यह है कि श्रृंगार के समय भी रामलला के दर्शन बंद नहीं होंगे। सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक राम मंदिर में VIP पास नहीं बनेंगे। रामलला का जन्म 12 बजे होगा, इसके बाद चार मिनट तक सूर्य तिलक की रस्म होगी। इस अवसर पर रामलला को खीर और हलवा का भोग चढ़ाया जाएगा। अयोध्या में 20 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना को ध्यान में रखते हुए, दो होल्डिंग एरिया बनाए गए हैं, जो 5000 लोगों को एक बार में संभाल सकते हैं। इस वर्ष दीपोत्सव का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें सरयू घाटों पर 2 लाख दीप जलाए जाएंगे।

मौसम का अनुमान है कि 6 अप्रैल को तापमान लगभग 40 डिग्री सेल्सियस रहेगा, जिससे श्रद्धालुओं को आराम प्रदान करने के लिए राम पथ, भक्ति पथ और अन्य मार्गों पर रेड कार्पेट बिछाने का कार्य किया जा रहा है। गर्मी से बचाव के लिए ड्रोन से सरयू जल भी छिड़का जाएगा और श्रद्धालुओं के लिए शेड का प्रावधान भी किया गया है। अयोध्या के वरिष्ठ पुजारी संतोष तिवारी ने बताया कि रामलला को जन्म के बाद 56 प्रकार के भोग चढ़ाए जाएंगे, जिसमें फलाहार से लेकर कुट्टू के आटे की पंजीरी शामिल होगी। यह सब लगभग 10 क्विंटल मात्रा में होगा और बाद में श्रद्धालुओं में बांट दिया जाएगा।

रामलला के अभिषेक के लिए 9 बजे दूध, दही, घी, शक्कर आदि का उपयोग किया जाएगा। जन्म के बाद रामलला को सोने से जड़ित पीतांबर वस्त्र पहनाए जाएंगे, जिसमें सोने और चांदी की कढ़ाई की गई है। इस विशेष वस्त्र को दिल्ली के मनीष मिश्रा ने तैयार किया है। रामलला के मुकुट में कई हीरे जड़े होंगे, और वे सोने के धनुष-बाण धारण करेंगे। जन्म के समय विशेष पूजा के लिए 14 पुजारी गर्भगृह में उपस्थित रहेंगे और इस समय का सीधा प्रसारण भी किया जाएगा।

रामनवमी पर चार मिनट तक सूर्य की किरणें रामलला के ललाट पर पड़ेंगी, जिससे उन्हें सूर्य तिलक की विशेष पूजा दी जाएगी। इसके लिए IIT रुड़की द्वारा विशेष तकनीक का उपयोग किया गया है। श्रद्धालुओं की सुविधाओं का ख्याल रखते हुए, मंदिर परिसर में सुरक्षा के लिए 1000 से अधिक CCTV कैमरे और ड्रोन की निगरानी की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा, गर्मी के कारण स्वास्थ्य में असुविधा की संभावना को देखते हुए, एम्बुलेंस और चिकित्सा सुविधाएँ भी उपलब्ध रहेंगी।

इस रोचक और भव्य आयोजन के लिए अयोध्या में सभी तैयारी पूरी की जा रही हैं। श्रद्धालुओं की संख्या को ध्यान में रखते हुए विसाल व्यवस्था की जा रही है, ताकि हर भक्त को रामलला के दर्शन का अवसर मिल सके। अयोध्या प्रशासन ने कहा है कि वे हर संभव प्रयास करेंगे ताकि भक्तों को इस पावन अवसर का पूरा लाभ मिल सके।