कॉर्टिना डी’अम्पेज़ो, 07 मार्च । रूस ने शनिवार को 12 साल बाद पैरालंपिक खेलों में अपना पहला पदक जीतकर इतिहास रच दिया। रूस की खिलाड़ी वरवारा वोरोंचिखिना ने इटली के कॉर्टिना में आयोजित महिला डाउनहिल स्टैंडिंग स्पर्धा में कांस्य पदक हासिल किया।
यह उपलब्धि खास इसलिए भी मानी जा रही है क्योंकि रूस को 2014 के बाद पहली बार पैरालंपिक मंच पर पदक मिला है। हालांकि रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध के बावजूद अंतरराष्ट्रीय पैरालंपिक समिति (आईपीसी) ने रूस के छह खिलाड़ियों और उनके सहयोगी देश बेलारूस के चार खिलाड़ियों को अपने-अपने राष्ट्रीय झंडे के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने की अनुमति दी है। इससे पहले कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में इन खिलाड़ियों को न्यूट्रल एथलीट के रूप में भाग लेना पड़ता था।
आईपीसी के इस फैसले के बाद कुछ देशों ने विरोध भी जताया। शुक्रवार को हुए उद्घाटन समारोह का यूक्रेन सहित सात देशों ने बहिष्कार किया। वहीं, वेरोना एरिना में परेड के दौरान रूस के दल को कुछ दर्शकों की हूटिंग का भी सामना करना पड़ा।
इन विवादों के बीच रूस की वरवारा वोरोंचिखिना ने शानदार प्रदर्शन करते हुए महिला डाउनहिल स्टैंडिंग वर्ग में कांस्य पदक जीतकर अपने देश को लंबे समय बाद पैरालंपिक पदक दिलाया।
इस उपलब्धि को रूस के लिए एक महत्वपूर्ण वापसी के रूप में देखा जा रहा है, जिसने वर्षों बाद पैरालंपिक मंच पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है।