मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिए इंदौर में हुई अग्नि दुर्घटना की जांच के निर्देश

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भोपाल, 18 मार्च । मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में बंगाली चौराहा के पास स्थित तिलक नगर इलाके में बुधवार सुबह चार्जिंग पर लगी इलेक्ट्रिक कार में शॉर्ट सर्किट होने से मकान में लगी आग की घटना की जांच के निर्देश दिए हैं। इस हादसे में कारोबारी समेत आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हैं।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को होमगार्ड लाइन में आयोजित कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि इंदौर में इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग से हुई दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों को व्यवस्थित जांच के निर्देश दिए गए हैं। भोपाल से अधिकारियों और विशेषज्ञों को भी इंदौर रवाना किया गया है। उन्होंने कहा कि डिजिटल लॉक और इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग से हुई दुर्घटना से बदलती तकनीक और उसके उपयोग के परिणामस्वरूप नई प्रकार की चुनौती सामने आयी है। ऐसी घटनाओं को रोकने और जागरूकता की दिशा में राज्य सरकार कार्य करेगी। हमारी कोशिश होगी कि ऐसी घटना की पुनरावृत्ति न हो।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डिजिटल लॉक जैसी सुविधाओं का उपयोग हमारी आवश्यकता है, लेकिन ऐसी सुविधाओं से मानव जीवन भी कष्ट में आता है। इन उपकरणों के उपयोग में विशेष सतर्कता और सावधानी जरूरी है। इस संबंध में प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्तर पर भी सजग रहना चाहिए।

दरअसल, इंदौर के बंगाली चौराहे के पास ग्रेटर बृजेश्वरी कॉलोनी में पुगलिया परिवार के घर के बाहर देर रात इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग पर लगी थी। बुधवार सुबह करीब चार बजे चार्जिंग पॉइंट में शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे कार ने आग पकड़ ली। कुछ ही पलों में आग ने विकराल रूप ले लिया और घर के भीतर फैल गई। हादसे के समय पुगलिया परिवार के घर में पारिवारिक कार्यक्रम चल रहा था, जिसके कारण कई सदस्य और रिश्तेदार एक साथ मौजूद थे। घर के अंदर दस से ज्यादा गैस सिलेंडर और ज्वलनशील सामग्री रखी हुई थी। आग की चपेट में आते ही सिलेंडरों में विस्फोट शुरू हो गया। धमाका इतना तेज था कि मकान का एक हिस्सा ढह गया। घर में लगे डिजिटल लॉक खुल नहीं पाए, इसके कारण अंदर सो रहे लोगों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिला।

क्षेत्र के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) कुंदन मंडलोई के अनुसार, आग लगने की इस घटना में आठ लोगों की मौत हुई है। मृतकों में मकान मालिक मनोज जैन पुंगलिया (65), उनकी बहू सिमरन पुगलिया (30), विजय सेठिया (65), पत्नी सुमन सेठिया (60), छोटू सेठिया (22), राशि सेठिया (12), टीनू (35) और तनय (8 वर्ष) शामिल है। हादसे में बुरी तरह के झुलसे चार लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनमें मनोज पुगलिया की पत्नी सुनीता, मनोज पुगलिया के पुत्र सौरभ, सोमिल और हर्षित शामिल हैं।