लखनऊ, 03 मार्च । उत्तर प्रदेश के रायबरेली की रहने वाली मनीषा रावत की जिंदगी में डबल इंजन की सरकार ने नए रंग भर दिए। मनीषा ने प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के माध्यम से ऋण प्राप्त कर चॉकलेट बनाने का अपना व्यवसाय शुरू किया, जिसमें योगी सरकार की महिला सशक्तिकरण नीति के तहत स्थानीय प्रशासन ने सहयोग के साथ-साथ उन्हें उचित मार्गदर्शन भी उपलब्ध कराया। इस पहल ने मनीषा की जिंदगी की दिशा बदल दी और वह आज पूरी तरह आत्मनिर्भर बन चुकी हैं। अब वह न केवल स्वयं सम्मानजनक आमदनी कर रही हैं, बल्कि पांच अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध करा रही हैं। मनीषा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपना प्रेरणास्रोत मानती हैं।
मनीषा रावत ने वर्ष 2023 में हैंडमेड चॉकलेट बनाने का छोटा व्यवसाय शुरू किया था। बाजार में उनके हैंडमेड चॉकलेट व बेकरी उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ने लगी, जिसके लिए उन्हें अतिरिक्त पूंजी की आवश्यकता हुई। पहले वह यह काम घर से ही करती थीं, लेकिन बढ़ती मांग को देखते हुए उन्होंने अपनी केक और चॉकलेट की शॉप खोलने का निर्णय किया। लेकिन, गारंटी व मॉरगेज जैसी कई अड़चनें सामने थीं। अक्टूबर 2024 में उन्हें प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के बारे में पता चला। इसके बाद उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक के मैनेजर अर्जुन निगम ने उन्हें योजना के लाभ व पात्रता आदि की विस्तृत जानकारी दी। उन्हें बिजनेस मॉडल की बारीकियां भी समझाई गईं। आवश्यक दस्तावेज तैयार कर डीआईसी कार्यालय में जमा करने के 20 दिनों के भीतर ही उन्हें 09 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत हो गया।
लोन स्वीकृत होते ही मनीषा ने अपने कारोबार का विस्तार किया। बढ़ते व्यवसाय की जरूरतों को पूरा करने के लिए उन्होंने स्थानीय स्तर पर लोगों को रोजगार देना शुरू किया और आज 05 लोगों को नियमित रोजगार प्रदान कर रही हैं। पहले वह परिवार पर निर्भर थीं, लेकिन अब एक सफल महिला उद्यमी के रूप में अपनी अलग पहचान बना चुकी हैं। उनका चॉकलेट व्यवसाय अच्छी तरह चल रहा है और इसका श्रेय वह अधिकारियों के प्रोत्साहन व इस योजना को देती हैं। उन्होंने अन्य लोगों को भी इस योजना के प्रति जागरूक किया है।
डबल इंजन की सरकार युवाओं और महिलाओं को स्वरोजगार की ओर प्रेरित करने के लिए अनेक योजनाएं चला रही है, जिनमें प्रधानमंत्री मुद्रा योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। यह केवल ऋण योजना नहीं, बल्कि छोटे व्यापारियों और घरेलू उद्योगों के लिए व्यवसाय शुरू करने का प्रभावी माध्यम है। मनीषा बताती हैं कि इस योजना के तहत मिले ऋण की ब्याज दर कम है और गारंटर की आवश्यकता भी नहीं होती, जिससे उन्हें किस्त चुकाने में सुविधा हो रही है।
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के 10 वर्ष पूर्ण होने पर अप्रैल माह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशभर से 48 सफल उद्यमियों को अपने आवास पर आमंत्रित किया था, जिनमें रायबरेली की मनीषा रावत भी शामिल थीं। इस मुलाकात को याद करते हुए वह कहती हैं कि वह पीएम मोदी व सीएम योगी आदित्यनाथ को अपना प्रेरणास्रोत मानती हैं और युवाओं के लिए सच्चा मार्गदर्शक मानती हैं।