जांजगीर-चांपा, 17 फरवरी (हि. स.)। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए केवल योजना नहीं, बल्कि सम्मान और सुरक्षित भविष्य की गारंटी बनकर उभरी है। इस योजना ने देश के लाखों परिवारों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। ऐसी ही एक प्रेरणादायक कहानी है जनपद पंचायत नवागढ़ के ग्राम सेमरा की निवासी सुखबाई खुटे की है। जिनका जीवन इस योजना के कारण खुशहाली से भर गया।
श्रीमती सुखबाई खुटे के पति का देहांत कुछ समय पूर्व हो गया था, जिसके बाद परिवार की पूरी जिम्मेदारी उनके कंधों पर आ गई। परिवार में केवल उनका एक बेटा है। आय का कोई स्थायी साधन न होने के कारण वे मेहनत-मजदूरी करके अपना और बेटे का जीवन यापन करती हैं। श्रीमती सुखबाई अपने बेटे के साथ एक पुराने और जर्जर कच्चे मकान में रहती थीं। बरसात के दिनों में छत से पानी टपकता था, दीवारें कमजोर हो चुकी थीं और घर के गिरने की आशंका बनी रहती थी। आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण उनके लिए पक्का मकान बनाना एक असंभव सपना जैसा था। कई बार उन्होंने सोचा कि काश उनका भी एक छोटा सा पक्का घर होता, जहाँ वे सम्मान और सुरक्षा के साथ जीवनयापन कर पातीं, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण यह सपना अधूरा ही नजर आता था।
इसी दौरान ग्राम पंचायत के माध्यम से उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की जानकारी मिली। सुखबाई ने पंचायत की मदद से योजना के लिए आवेदन किया। आवश्यक दस्तावेज जमा करने के बाद उनका चयन लाभार्थी के रूप में हो गया। योजना के तहत स्वीकृति मिलने के बाद सुखबाई के जीवन में उम्मीद की एक नई किरण जागी। योजना के तहत प्रदान की गई आर्थिक सहायता से उनके घर का निर्माण कार्य शुरू हुआ। निर्माण कार्य के दौरान पंचायत स्तर पर उन्हें तकनीकी मार्गदर्शन और आवश्यक सहयोग भी मिला। धीरे-धीरे उनका सपना साकार होने लगा और कुछ ही महीनों में उनका अपना पक्का मकान बनकर तैयार हो गया। आज सुखबाई खुटे अपने नए पक्के घर में बेटे के साथ सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन यापन कर रही हैं। अब बरसात, ठंड या गर्मी का उन्हें डर नहीं सताता। वे बताती हैं कि पहले कच्चे घर में रहना बहुत मुश्किल था, लेकिन अब उन्हें किसी प्रकार की चिंता नहीं रहती। श्रीमती सुखबाई कहती हैं कि प्रधानमंत्री आवास योजना ने मेरे जैसे गरीब परिवार को सुरक्षित जीवन प्रदान किया है। इसके लिए मैं शासन और प्रशासन की बहुत आभारी हूँ।