अनूपपुर, 20 फ़रवरी । मध्य प्रदेश के अनूपपर जिले के कलेक्टर हर्षल पंचोली शुक्रवार को किशोर न्याय बोर्ड एवं बाल कल्याण समिति कार्यालय का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने अतिरिक्त कक्ष, कार्यालय, परामर्श कक्ष, मजिस्ट्रेट कक्ष, सभा कक्ष एवं वीडियो कॉन्फ्रेंस कक्ष सहित विभिन्न कक्षों का अवलोकन करते हुए संबंधित अधिकारियों को विधिवत एवं सुव्यवस्थित संचालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा एवं त्वरित न्याय प्रशासन की प्राथमिकता है तथा सभी विभाग समन्वय से कार्य करें।
कलेक्टर ने किशोर न्याय बोर्ड अंतर्गत संचालित स्पॉन्सरशिप योजना के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कहा कि लंबित मामलों की सूची तैयार कर बाल विकास परियोजना अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग के सुपरवाइजर तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से विशेष अभियान चलाकर एक माह में निराकरण किया जाए। जनवरी माह में प्राप्त प्रकरणों की जानकारी में अधिकारियों ने बताया कि कुल आठ प्रकरण प्राप्त हुए हैं, जिन पर नियमानुसार कार्यवाही जारी है। कलेक्टर ने प्रकरणों की स्थिति, संचालित गतिविधियों एवं कार्यालय में स्थापित सीसीटीवी कैमरों की समीक्षा करते हुए आवश्यक सुधार के निर्देश दिए।
उन्होंने जागरूकता पोस्टरों का अवलोकन कर निर्देशित किया कि नगर पालिका से समन्वय स्थापित कर इन्हें प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर प्रदर्शित किया जाए, ताकि बाल कल्याण एवं संरक्षण संबंधी योजनाओं की जानकारी आमजन तक पहुंच सके। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष बाल कल्याण समिति मोहनलाल पटेल, जिला परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग विनोद परस्ते सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।