देवी-देवताओं से है शिवरात्रि महोत्सव की शोभा, देव परंपरा के निर्वहन में नहीं रखी जाएगी कोई कमी: डॉ. मदन कुमार

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मंडी, 17 जनवरी । अंतर्राष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव-2026 के सफल आयोजन को लेकर आज डीआरडीए हाल, मंडी में देवता उप-समिति की बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता उप-समिति के संयोजक एवं अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी डॉ. मदन कुमार ने की। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव देव समागम का एक अनूठा पर्व है, जो मंडी जनपद के देवी-देवताओं को समर्पित है। उन्होंने कहा कि महोत्सव में पहुंचने वाले सभी देवी-देवताओं का पारंपरिक रीति-रिवाज के अनुसार सम्मानपूर्वक स्वागत किया जाएगा, जिसके लिए आवश्यक कमेटियों का गठन कर लिया गया है। इस महोत्सव की शोभा देवी-देवताओं से है और देव परंपरा के निर्वहन में कोई कमी न हो, यह हर स्तर पर सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पड्डल मेला मैदान में देवताओं के बैठने के लिए पहली बार पैगोड़ा शैली के 85 अस्थायी शिविर लगाए जाएंगे।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि देवी-देवताओं के ठहराव स्थलों पर बिजली, पानी तथा स्वच्छता की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। नगर निगम को संस्कृति सदन में अतिरिक्त कूड़ेदान स्थापित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया कि देवी-देवताओं के ठहरने के स्थानों पर लगाई गई पानी की टंकियों से पानी व्यर्थ न बहे। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ने निर्देश दिए कि महोत्सव के दौरान विद्युत आपूर्ति बाधित न हो, इसके लिए समय रहते आवश्यक मरम्मत कार्य पूरे किए जाएं। लोक निर्माण विभाग को चल रहे निर्माण कार्यों को समय पर पूरा करने तथा सड़कों के किनारे पड़ी निर्माण सामग्री को महोत्सव आरंभ होने से पूर्व हटाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि इसके लिए विभागों द्वारा नोडल अधिकारी बनाए जाएं ताकि समय रहते बिजली, पानी की समस्या का निपटारा किया जा सके।

उन्होंने बताया कि देवी-देवताओं के ठहराव स्थलों पर बेहतर स्वच्छता व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। इसके अतिरिक्त, देवी-देवताओं के ठहरने के स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा। देवलुओं की सुविधा के लिए राजदेवता माधोराय मंदिर परिसर में नियंत्रण कक्ष स्थापित किया जाएगा।