अस्पताल में आए मरीजों को नामात्र का उपचार मिला और ज्यादा गंभीर मरीजों को बाहर का रास्ता दिखाया गया। इसके साथ ही चिकित्सकों ने अब अनिश्चितकालीन हडताल का ऐलान कर दिया है। अस्पताल में डॉक्टरों की हड़ताल से सबसे ज्यादा असर हड्डी रोग और मनोरोग विशेषज्ञ के पास आने वाले मरीजों पर पड़ा। इन दोनों विभागों की जगह किसी अन्य डॉक्टर की तैनाती नहीं की जा सकी। मनोरोग विशेषज्ञ डा. संकल्प डोडा प्रतिदिन 200 मरीजों की जांच करते हैं। जिनमें नशा पीडि़त व्यक्ति भी शामिल होते हैं। वहीं हड्डी रोग विशेष डा. संतलाल बैनीवाल व अन्य 250-300 मरीजों की ओपीडी करते हैं। दोनों विभागों के बंद रहने से इन मरीजों को खासा परेशान होना पड़ा।
हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विस एसोसिएशन के जिला प्रधान एवं राज्य संयोजक डा. बिजेंद्र ढांडा ने कहा कि एसोसिएशन की मांगों को पूरा नही किया जाता है तो दो दिवसीय हडताल को अनिश्चितकालीन हडताल में बदल दिया जाएगा। अभी तक उनको सरकार से बातचीत के लिए कोई निमंत्रण नहीं मिला है। इसलिए हड़ताल अनिश्चिकाल के लिए की जा रही है। उनकी भावनाएं लोगों के साथ हैं। जनता को हो रही असुविधा के लिए उनको खेद है। सीएमओ डा. सुमन कोहली ने कहा कि ओपीडी के लिए चिकित्सकों को खानपुर, एनएचएम, ईएसआई, आयुष्मान के तहत बुलाया गया है। मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जा रही है।