मामला बुधवार देर रात का है जब सदर थाने के एसएचओ इंस्पेक्टर कुलवंत सिंह अपनी टीम के साथ रूटीन गश्त पर निकले हुए थे। इस दौरान उनकी नजर बस अड्डे पर बैठे दो संदिग्ध युवकों पर पड़ी। पुलिस को देखते ही दोनों के चेहरे बदल गए और वे घबराने लगे। यह संदेह भांपते हुए पुलिस टीम ने तत्काल उनकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 105.23 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। पुलिस ने मौके पर ही दोनों को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को वीरवार काे हमीरपुर कोर्ट में पेश किया जहां उन्हें 5 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रजत मेहरा (29 वर्ष), पुत्र ओम प्रकाश, निवासी वार्ड नंबर-2, हमीरपुर और आयुष ठाकुर, पुत्र संजय कुमार, निवासी गांव छियोई, जिला बिलासपुर के रूप में हुई है। हैरान करने वाला पहलू यह सामने आया है कि आरोपी आयुष ठाकुर बस अड्डे के समीप स्थित एक निजी संस्थान से डी.फार्मा की शिक्षा प्राप्त कर रहा था।
एसपी हमीरपुर भगत सिंह ठाकुर ने बताया कि दोनों आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिला पुलिस नशा तस्करी और नशाखोरी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर अमल कर रही है और यह कार्रवाई इसी दिशा में एक सख्त कदम है।