मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र के निर्देशन में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना का विशेष सहयोग रहा। इस अवसर पर परियोजना के अंतर्गत 11 स्टॉल लगाए गए, जिनमें पारंपरिक एवं पहाड़ी खाद्य पदार्थों की विविधता ने लोगों को आकर्षित किया। अभिनंदन सी.एल.एफ. द्वारा लगाए गए उत्तराखण्ड के पारंपरिक व्यंजन स्टॉल को विशेष सराहना प्राप्त हुई।
महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा लगाए गए इन स्टॉलों से कुल दो लाख पांच हजार सात सौ चौबीस रुपये की बिक्री दर्ज की गई, जो स्थानीय उत्पादों के प्रति लोगों की बढ़ती रुचि और महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में सराहनीय उपलब्धि है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग हेतु जिला प्रशासन ने महिला समूहों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी वेदप्रकाश, सहायक परियोजना निदेशक नलिनीत घिल्डियाल, डीपीआरओ अतुल प्रताप सिंह, जिला परियोजना प्रबंधक संजय सक्सेना, सहायक प्रबंधक (सेल्स) अमित शर्मा सहित अन्य ब्लॉक एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। यह उत्सव उत्तराखण्ड की संस्कृति, परंपरा और विकास के संगम का जीवंत प्रतीक बनकर उभरा।