भाजपा विधायकों के क्षेत्रों से हो रहा भेदभाव : जयराम ठाकुर

Share

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू शायद भूल गए हैं कि उनकी सरकार ने कोई कार्यक्रम भी जनता से मिलने का बनाया है। जब उनका मन करता है तो तब वे पिकनिक मनाने मित्रों के साथ चल देते हैं और रात को डेरा डालकर सुबह भूल जाते हैं कि वहां आखिर क्या करने आए थे। उन्होंने कहा कि इस सरकार को जनता के दुखदर्द सुनने में कोई रूचि नहीं है। सरकारी अधिकारी अपने दफ्तरों से बाहर निकलते ही नहीं हैं और लोग दफ्तर जाएं भी तो कोई सुनवाई होती ही नहीं है। ऐसे में लोग आखिर जाएं तो जाएं कहां ये एक बड़ा सवाल है।

जयराम ठाकुर ने कहा कि झूठ बोलने में माहिर मुख्यमंत्री न तो आपदा से त्रस्त प्रदेशवासियों के सवालों का सामना कर सकते हैं और न ही उनकी शिकायतों का समाधान। इसीलिए चार महीने से ज्यादा का समय बीत जाने के बाद भी सरकार द्वारा दिखावे के लिए किया जा रहा कार्यक्रम बंद है। हर बार के कार्यक्रम में सरकार की नाकामी सामने आई और उसकी भद्द पिटी। अब तो आपदा के बाद से हालात और भी खराब है। लोग बेसब्री से सरकार का इंतजार कर रहे हैं। जनता कांग्रेस सरकार के झूठे दावों और घोषणाओं का हिसाब लेने के लिए बेताब हैं। इसलिए सरकार लोगों से दूर भाग रही है।

उन्होंने आरोप लगाया कि आज जहां जहां भाजपा के विधायक जीते हैं वहां विकास को पूरी तरह ग्रहण लगा हुआ है। अधिकारियों को खास निर्देश दिए गए हैं कि इनके इलाकों में बिना उनसे पूछे कुछ करना ही नहीं है। चुनाव में अपने अधिकृत प्रत्याशियों के बजाय इन इलाकों में अपने मित्रों को आगे कर अधिकारियों पर रौब झाड़ने की खुली छूट दी है जो स्वस्थ लोकतांत्रिक व्यवस्था में सही बात नहीं है।