छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष का आरोप सरकार ने बैलाडीला के पहाड़ को निजी कंपनियों आर्सेनल मित्तल व रूगटा स्टील काे बेच दिया
दंतेवाडा, 13 मई (हि.स.)। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आज मंगलवार काे दंतेवाड़ा में पत्रकाराें से चर्चा करते हुए भाजपा की सरकार पर बैलाडीला के पहाड़ को निजी कंपनियों आर्सेनल मित्तल एवं रूगटा स्टील काे बेच देने का आराेप लगाया है। उन्हाेने कहा कि हमने इंद्रावती नदी बचाई है, अब जल-जंगल-जमीन को बचाने के लिए कांग्रेस बड़े स्तर पर आंदोलन करेगी। भाजपा की सरकार में जल-जंगल-जमीन को बचाने के लिए बैलाडीला (किरंदुल-बचेली) तक कुल 40 किमी की पद यात्रा निकाली जाएगी।
दीपक बैज ने कहा कि जिन निजी कंपनियों को केंद्र और राज्य सरकार ने खदान अलॉट किया है, उसके खिलाफ अब बड़ा आंदोलन किया जाएगा। हम खनिज संपदा को किसी निजी उद्योगपतियों को नहीं देने देंगे। जब बैलाडीला का नंदराज पहाड़ बड़े उद्योगपतियों को दे दिया गया था तब भी हमने एक बड़ा आंदोलन किया था । इसमें 10 हजार से अधिक आदिवासी सड़क पर उतरे थे । सरकार से बातचीत कर पूरे काम को रुकवा दिए थे। मामले की जांच हुई, जिसमें पता चला कि फर्जी ग्राम सभा हुई थी। जिसे बाद में जीरो घोषित कर दिया गया था। इसी तरह अब एक बार फिर से कांग्रेस बड़ी लड़ाई लड़ने जा रही है।
दीपक बैज ने भाजपा से तीन सवाल पूछते हुए कहा कि मैं बस्तर के भाजपा नेताओं से पूछना चाहता हूं कि आखिर खनिज संसाधनों को क्यों बेचा जा रहा है? बेचने से पहले क्या उनसे राय ली गई? क्या बैलाडीला के पहाड़ को बेच दिया गया? भारतीय जनता पार्टी के जनप्रतिनिधि पहाड़ बेचने में सहमत हैं क्या? बस्तर की खनिज संपदा को क्या निजी उद्योगपतियों को देना चाहिए या फिर नहीं देना चाहिए? इसमें इनकी क्या राय है।
दीपक बैज ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता के हित में हम सरकार के खिलाफ लगातार लड़ाई लड़ रहे हैं। बिलासपुर में स्वास्थ्य न्याय यात्रा, जगदलपुर में निजीकरण के खिलाफ न्याय यात्रा, पानी के लिए इंद्रावती बचाओ न्याय यात्रा, कानून व्यवस्थाओं के लिए न्याय यात्रा निकाले हैं। अब पहाड़ को बेचने के विरोध में बैलाडीला से लेकर दंतेवाड़ा तक पद यात्रा निकालेंगे। शराब घोटाले मामले में कवासी लखमा की गिरफ्तारी और जेल जाने वाले मामले पर दीपक बैज ने कहा कि नकली होलोग्राम में छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार में नकली शराब बिक रही है। जब भी चुनाव का समय आता है, तब राजनीतिक द्वेष से भाजपा, कांग्रेस के नेताओं को ईडी और सीबीआई से डरा कर उन्हें जेल भेजने का काम करती है।