मेडिकल कॉलेज की अव्यवस्था से मरीज, मेडिकल स्टॉफ व डॉक्टर परेशान
जगदलपुर, 6 नवंबर (हि.स.)। मेडिकल कॉलेज की अव्यवस्था से केवल मरीजों ही नहीं, बल्कि मेडिकल स्टॉफ और डॉक्टर भी परेशान हैं। मेडिकल कॉलेज के वार्डों का शौचालय चोक है, तो कहीं सीलिंग गिर रही है, तो कमरे में सीपेज की वजह से डॉक्टर बरामदे में ओपीडी संचालित करने को मजबूर हैं।
मेडिकल कॉलेज के सीनियर डॉक्टर खिलेश्वर सिंह बताते हैं कि ओपीडी में टॉयलेट का पानी रिस रहा है, जिसका बदबू बर्दाश्त से बाहर है, यही वजह है कि हम बरामदे में ओपीडी संचालित कर रहे हैं। इन अव्यवस्थाओं के साथ ही चूहाें का भी आतंक है, इसके लिए विगत वर्षाें में चूहे पकड़ने वालाें काे लगवाया था, लेकिन अब चूहे फिर से आतंक मचाने जगे हैं। डिमरापाल मेडिकल कॉलेज की सिटी स्कैन मशीन पिछले एक महीने से खराब पड़ी है। बताया जा रहा है कि, चूहों ने मदर बोर्ड को कुतर दिया है। जिससे यहां भर्ती मरीजों को अस्पताल में यह सुविधा नहीं मिल पा रही है। परिजन मरीज का सिटी स्कैन कराने करीब 15 किमी का सफर तय कर महारानी अस्पताल जा रहे हैं। कुछ दिन पहले मशीन को सुधारने की कोशिश की गई थी, लेकिन इसके टेक्नीशियन इसमें सफल नहीं हो पाया। अब बताया जा रहा है कि मशीन सुधारने के लिए बेंगलुरु के टेक्नीशियन से भी संपर्क किया जा रहा है। हालांकि वे कब तक आते हैं, मशीन को सुधारने में कितना वक्त लगेगा यह अभी स्पष्ट नहीं है।
मेडिकल कॉलेज की अव्यवस्था पर मेकाॅज अधीक्षक अनुरूप साहू ने बताया कि इस संबंध में उच्चाधिकारियों को सूचित कर दिया है। वहीं बस्तर कलेक्टर हरीश एस का कहना है कि इस मामले अधीक्षक से जानकारी लेकर व्यवस्था को तत्काल दुरुस्त करवाया जाएगा।
—————