पंजाब के जगराओं शहर के कोठे खजूरा में स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में एक गंभीर और अशोभनीय घटना घटी है। हाल ही में, एक स्थानीय व्यक्ति शराब के नशे में धुत्त होकर गुरुद्वारा परिसर में घुस आया। नशे की हालत में उस व्यक्ति ने वहां उपस्थित संगत के सदस्यों को अपशब्द कहने के साथ-साथ उन्हें गुरुद्वारा साहिब में आने से मना भी किया। इस बेतुके व्यवहार ने वातावरण को तनावपूर्ण बना दिया और संगत में हड़कंप मच गया।
यही नहीं, जब आरोपी व्यक्ति सचखंड के निकट पहुंचने वाला था, तभी उपस्थित संगत के लोगों ने उसे रोक लिया और उसे पकड़ लिया। इसके बाद, लोगों ने उसे जमकर पीटा और उससे पहले कि वह ग्रंथ साहिब के पास पहुंच पाता, उसे बाथरूम में बंद कर दिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचित किया। थोड़ी ही देर में पीसीआर टीम मौके पर पहुंच गई और आरोपी को हिरासत में लेकर थाने ले गई। अब थाना सिटी की पुलिस इस मामले की गहन जांच कर रही है।
गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथी, सिंह गुरप्रीत सिंह ने बताया कि वह व्यक्ति पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव का सामना कर रहा था। उन्होंने बताया कि उसके परिवार में अपेक्षाकृत खुशी की कोई वजह नहीं थी, क्योंकि उसके घर में बच्चा हुआ था, जिससे वह मानसिक परेशानियों का सामना कर रहा था। इसी मानसिक स्थिति के चलते वह शराब के नशे में गुरुद्वारा साहिब में हंगामा कर बैठा। यह घटना न केवल वहां की संगत के लिए, बल्कि पूरे समुदाय के लिए चिंता का विषय बन गई है।
गुरुद्वारा साहिब सिख समुदाय का एक पवित्र स्थल है, जहां श्रद्धालु अपना सिर झुकाते हैं और शांति और समर्पण का अनुभव करते हैं। ऐसी घटनाएं धार्मिक स्थलों की गरिमा को प्रभावित करती हैं और इसे रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है। स्थानीय समुदाय अब इसका निदान करने के उपाय खोजने की कोशिश कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।
पुलिस ने इस घटना की जांच शुरू कर दी है और उम्मीद जताई जा रही है कि आरोपी को उचित दंड दिया जाएगा। वहीं, संगत के सदस्यों ने भी सुरक्षात्मक उपायों पर चर्चा करने का निर्णय लिया है ताकि गुरुद्वारा साहिब को ऐसी अप्रिय स्थितियों से बचाया जा सके। ऐसी घटनाएं हमारी सामाजिक और धार्मिक भावनाओं पर गहरा असर डालती हैं और यह आवश्यक है कि हम सभी मिलकर इस तरह की समस्याओं का समाधान करें।