जगराओं में महिला तस्कर की संपत्ति जब्त, डीएसपी ने चिपकाया नोटिस, साथी संग बेचती थी नशा!

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जगराओं में पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए एक महिला तस्कर के घर को जब्त किया है। यह कदम जिला पुलिस द्वारा उठाया गया है, जिसमें डीएसपी वरिंदर सिंह खोसा ने खुद मौके पर जाकर नोटिस लगाया। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि नशा तस्करी के खिलाफ ऐसी कठोर कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और किसी भी तस्कर को बख्शा नहीं जाएगा। खोसा ने जोर दिया कि जो तस्कर नशा बेचकर संपत्ति बना रहे हैं, उनकी संपत्तियों को जब्त करने के लिए कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

आरोपी महिला, जिसका नाम सुनीता है, पर 2022 में नशा तस्करी का मामला दर्ज किया गया था। इसी प्रकरण के अंतर्गत, पुलिस ने सुनीता की चार मरले की संपत्ति पर नोटिस लगाते हुए उसे जब्त करने की प्रक्रिया शुरू की है। डीएसपी ने बताया कि दाखा थाने की पुलिस अब और नशा तस्करों के रिकॉर्ड की जांच कर रही है। जिन लोगों ने नशे के धंधे से अवैध संपत्तियां बनाई हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का निर्णय लिया गया है, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि ऐसे अपराधियों को उचित सजा मिले।

डीएसपी वरिंदर सिंह खोसा ने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि सुनीता चुरा पोस्त का कारोबार करने में संलिप्त थी। उनकी जानकारी के अनुसार, पिछले साल पुलिस ने इस प्रकार के घिनौने कार्य में संलग्न आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की थी, जिसमें सुनीता के साथ उसके पति मनजीत सिंह, जिसे राजू या मन्नू के नाम से जाना जाता है, और उनके साथी रणजीत सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। यह कार्रवाई गुप्त सूचनाओं के आधार पर की गई, जिसके तहत पुलिस को पता चला था कि सुनीता और उसके साथी मिलकर शहर और आसपास के गांवों में चुरा पोस्त का व्यापार कर रहे हैं।

पुलिस को जानकारी मिली थी कि सुनीता अपने घर के अलावा अपने साथी रणजीत सिंह के घर में भी चुरा पोस्त छुपा रखती थी। इस सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की और छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में चुरा पोस्त बरामद किया। यह कार्रवाई न सिर्फ नशा तस्करों के खिलाफ एक बड़ी जीत है, बल्कि समाज में नशे के बढ़ते खतरे को समाप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी है। पुलिस का उद्देश्य है कि नशा तस्करों को कानून का कठोर सामना करना पड़े और ऐसे मामलों में संलिप्त अन्य लोग भी समझें कि यह अवैध कारोबार अंततः उनकी संपत्तियों और उनके भविष्य को खतरे में डालता है।

इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने संकल्प लिया है कि आगे भी वे ऐसे सभी तस्करों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे और उन्हें कानून के शिकंजे में लाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। यह कदम पंजाब पुलिस की नशे के खिलाफ चल रही मुहिम का एक हिस्सा है, जो समाज में नशे की महामारी को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है।