खन्ना में सड़क विवाद: निर्माण पर रोक के बावजूद काम, AAP पार्षद ने जताई गड़बड़ी की आशंका!

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पंजाब के खन्ना में नगर कौंसिल ने अमलोह रोड पर तीन कालोनियों को लाभ पहुंचाने के लिए रातों-रात सड़क का निर्माण कर दिया, जो कि अब विवाद का केंद्र बन चुका है। यह सड़क निर्माण ऐसे समय में हुआ जब एडीसी ने पहले ही इस कार्य को रोकने के आदेश जारी किए थे। निर्माण के बाद जब स्थानीय लोगों की नजर इस सड़क पर पड़ी, तो आम आदमी पार्टी के पार्षद सुखमनजीत सिंह ने मौके पर पहुंचकर इस काम का विरोध किया और इसे एक बड़े घपले का हिस्सा बताया। उन्होंने मांग की कि इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की जाए, ताकि सत्य सामने आ सके।

आम आदमी पार्टी के पार्षद सुखमनजीत ने कहा कि शहर में कई ऐसे क्षेत्र हैं जहां सालों से सड़कों का निर्माण नहीं हो पाया है, जिससे लोगोें को बेहद कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन अमलोह रोड पर, जहां सन सिटी के निकट दो अन्य कालोनियों को जाने वाली सड़क का निर्माण किया गया है, वहां प्राथमिकता दी गई। यह सड़क केवल कालोनाइजरों के स्वार्थ की पूर्ति के लिए बनाई गई है, जबकि इस रास्ते पर स्थित अधिकांश कालोनियां अप्रूव्ड नहीं हैं।

मुख्य अभियंता (एमई) मुकेश कुमार ने बताया कि यह मामला उनके ध्यान में आया है और उन्होंने बयान दिया कि सड़क का बाकी काम अब रोक दिया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की पूरी तरह से जांच की जाएगी और उचित कार्रवाई की जाएगी। इस स्थिति ने नगर कौंसिल के अधिकारियों को आगे आकर काम को रोकने के लिए मजबूर किया है, ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता को रौशनी में लाया जा सके।

इस विवाद के चलते, नगर कौंसिल पर भी प्रश्नचिन्ह खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोग इस संदर्भ में गहरी चिंता में हैं कि कैसे अधिकारियों ने अवैध निर्माण को नजरअंदाज किया। पार्षद सुखमनजीत का कहना है कि यदि इस प्रकार के नाजायज कामों पर रोक नहीं लगाई गई, तो इससे स्थानीय समुदाय के बीच विश्वास की कमी हो सकती है। उन्होंने सीएम भगवंत मान का ध्यान इस मामले की ओर आकर्षित करने की बात कही है।

इस पहल को लेकर नगर कौंसिल की भावना स्पष्ट है कि वे इस बात पर ध्यान देंगे कि कैसे ऐसे अवैध निर्माण में संलग्न लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। लोगों की परेशानियों का समाधान और निष्पक्षता की राह पर चलने के लिए यह आवश्यक है कि प्रशासन अपनी भूमिका को सही तरीके से निभाए और अवैध निर्माण के मामलों की रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाए।