नई दिल्ली,14 मई (हि.स.)। सुप्रीम कोर्ट ने भीमा कोरेगांव मामले के नजरबंद आरोपित गौतम नवलखा को जमानत दे दी है। जस्टिस एमएम सुंदरेश की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि इस मामले के ट्राॅयल में काफी समय लगेगा।
कोर्ट ने कहा कि गौतम नवलखा को अपनी नजरबंदी के दौरान सुरक्षा पर आए 20 लाख रुपये का खर्च देना होगा। सुप्रीम कोर्ट ने 10 नवंबर 2022 को गौतम नवलखा को घर में नजरबंद करने का आदेश दिया था। आठ अप्रैल 2020 को सुप्रीम कोर्ट ने गौतम नवलखा और आनंद तेलतुंबडे को सरेंडर करने का आदेश दिया था।
एक जनवरी 2018 को भीमा-कोरेगांव की 200वीं सालगिरह पर हुए कार्यक्रम में हिंसा हुई थी। उसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और कई लोग घायल हुए थे। इस मामले में पुलिस ने 162 लोगों के खिलाफ 58 केस दर्ज किए हैं। नवलखा को 14 अप्रैल 2020 को गिरफ्तार किया गया था।