राष्ट्रीय लोक अदालत में 19419 वादों का निस्तारण

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09HLEG6 राष्ट्रीय लोक अदालत में 19419 वादों का निस्तारण

हमीरपुर, 09 सितम्बर (हि.स.)। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन हुआ, जिसमें वादों का निस्तारण आपसी सुलह समझौता के आधार पर कराया गया।

प्रधान न्यायाधीश, पारिवारिक न्यायालय से छह वादों का निस्तारण व विशेष न्यायाधीश, (आवअधि) से 204, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट से कुल 202, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट से कुल 2385, सिविल जज जूडि से 8183, तरूण कुमार सिविल जज जूडि राठ द्वारा 266, ऋतु लोहा सिविल जज जूडि मौदहा द्वारा 202, शालिनी त्यागी सिविल जज जूडि सरीला द्वारा 92, कुल 11800 वाद निस्तारित किए गए।

राजस्व विभाग द्वारा 7464 वादों का निस्तारण व एलडीएम इंडियन बैंक संगम लाल मिश्रा के अनुसार समस्त बैंकों के कुल 20700 मामलों में से 155 वादों का निस्तारण हुआ। कुल 19419 वादों का निस्तारण किया गया। सुलह समझौते के आधार पर 32925000 रुपये की धनराशि प्राप्त हुई।

प्रधान न्यायाधीश, पारिवारिक न्यायालय इन्द्रदेव दुबे, विशेष न्यायाधीश दप्रक्षे एक्ट प्रदीप कुमार जयन्त, विशेष न्यायाधीश (आवअधि) सुशील कुमार खरवार, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट कीर्ति माला, सचिव/अपर जिला जज एवं सत्र न्यायाधीश गीतांजलि गर्ग, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/एफटीसी प्रथम स्वाती, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/एफटीसी द्वितीय सुदेश कुमार एवं मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनोज कुमार शासन, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सीमा कुमारी, सिविल जज (जूडि)/महिलाओं के विरूद्व अपराध विजय लक्ष्मी यादव, सिविल जज (जूडि) आयुषी आदि उपस्थित रहे।