15HREG297 शहडोल पहुंचे डीजीपी, खराब पड़े एचएफ लॉन्ग डिस्टेंस सेट्स को दुरूस्त करने दिए निर्देश
भोपाल, 15 जून (हि.स.)। मध्यप्रदेश के डीजीपी सुधीर कुमार सक्सेना निरंतर प्रदेश की कानून व्यवस्था का जायजा ले रहे हैं। गुरुवार को शहडोल जोन में घटित अपराधों और उन पर नियंत्रण के लिए पुलिस द्वारा की जा रही कार्रवाई और कानून व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की। गुरुवार को शहडोल जोन में डीजीपी सक्सेना ने समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि नागरिकों की सुरक्षा, उन्हें न्याय दिलाना और शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने जोन में गुंडा-बदमाशों पर सतत निगरानी रखने एवं उनके विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने के सख्त निर्देश दिए।
डीजीपी अचानक उमरिया जिले के पुलिस कंट्रोल रूम स्थित वायरलेस कक्ष पहुंचे। यहां उन्होंने वायरलेस कम्युनिकेशन की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने पाया कि बाकी सभी सेट्स का इस्तेमाल ठीक तरह से किया जा रहा है, लेकिन एचएफ लॉन्ग डिस्टेंस सेट्स का प्रयोग नहीं किया जा रहा है। एचएफ लॉन्ग डिस्टेंस सेट्स लंबी दूरी में संचार के लिए उपयोग होता है, मोबाइल आने के बाद इनका उपयोग कम होने लगा है, परंतु आपातकाल एवं आपदा की स्थिति में मोबाइल नेटवर्क बंद हो जाने पर इन सेट्स का उपयोग किया जाता है। इसी के दृष्टिगत डीजीपी ने वहीं से एडीजी दूरसंचार को निर्देशित किया कि तत्काल इस व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए एवं प्रतिदिन इसका संचालन व टेस्टिंग की जाए।
डीजीपी ने की साइबर क्राइम की विस्तृत समीक्षा
डीजीपी सक्सेना साइबर सेल कक्ष पहुंचे। यहां उन्होंने हैड कॉन्स्टेबल के साथ बैठकर साइबर संबंधी शिकायतों के निराकारण से संबंधित प्रक्रिया की जानकारी ली। साइबर क्राइम के निराकरण में आने वाली चुनौतियों और समस्याओें की जानकारी ली एवं उनके निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया।
हॉट स्पॉट चिन्हित कर करें कार्यवाई
बैठक में डीजीपी सक्सेना ने कहा कि शहडोल जोन में होने वाले अपराधों की कमी और वृद्धि की समीक्षा करें। कहीं कोई वृद्धि दिख रही है, तो उस पर नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाएं। एस.सी./एस.टी. एक्ट के अपराधों में जिन जिलों में वृद्धि हुई है, उनमें हाट स्पाट चिन्हित करें।
श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की सुरक्षा और सुविधा का रखें विशेष ध्यान-
डीजीपी ने कहा कि धार्मिक एवं ऐतिहासिक दृष्टिकोण से शहडोल जोन अत्यंत समृद्ध है व इन क्षेत्रों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं। यहां नेशनल पार्क बांधवगढ़ जैसे प्राकृतिक पर्यटक स्थल है तो वहीं अमरकंटक नागरिकों की श्रद्धा का केंद्र है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुरक्षा एवं सुविधा का विशेष ध्यान रखें।