सनबीम के विदाई समारोह में ओम को मिस्टर फेयरवेल व अस्मिता को मिस फेयरवेल का ताज

Share

29HREG332 सनबीम के विदाई समारोह में ओम को मिस्टर फेयरवेल व अस्मिता को मिस फेयरवेल का ताज

बलिया, 29 जनवरी (हि. स.)। अगरसंडा स्थित सनबीम स्कूल के कक्षा बारहवीं के विद्यार्थियों की विदाई समारोह ”ख्वाबों के परिंदे 2023” में सभी आंखें छलक पड़ीं। इस दौरान आयोजित समारोह में वाणिज्य वर्ग के छात्र ओम जी को मिस्टर फेयरवेल तथा मिस फेयरवेल का सम्मान कला वर्ग की छात्रा अस्मिता तिवारी को प्राप्त हुआ।

विद्यालय के कक्षा 11वीं के विद्यार्थियों ने सीनियर शिक्षकों के साथ मिलकर समग्र मनोरंजन से परिसर व कार्यक्रम को ही नयनाभिराम बना दिया था। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इसके बाद रंगारंग कार्यक्रम की शुरुआत गणेश वंदना से हुई। इस दौरान संगीतमय धुन संग कदमताल करते हुए छात्र-छात्राओं की बेजोड़ प्रस्तुति ने ऐसा समां बांधा कि समस्त विद्यालय संगीतमय हो गया। कार्यक्रम के मध्य में विद्यालय के शिक्षकों द्वारा कक्षा बारहवीं के छात्रों को स्मृति चिह्न तथा उपहार देकर सम्मानित किया गया तथा उनके उल्लेखनीय उपलब्धियों को साझा किया गया। इनमें से अधिकांश छात्र-छात्राएं ऐसे थे जो विद्यालय की स्थापना वर्ष 2013 से ही अनवरत अध्ययन करते आ रहे थे। विद्यार्थियों ने अपने अनुभवों को साझा किया। कार्यक्रम के दौरान मिस्टर व मिस फेयरवेल के चयन के लिए रैंप पर सतरंगी परिधानों में कक्षा बारहवीं के छात्र-छात्राएं जब कतारबद्ध खड़े हुए तो लगा मानो सैकड़ों सितारे जमीं पर आ गए हों। विद्यालय के निदेशक व प्रधानाचार्या ने अंत में विजेताओं को सम्मानित किया।

विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए करते हुए विद्यालय के निदेशक डा. कुंवर अरुण सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि मिलन का समय जितना हर्षोल्लास से भरा होता है, विदाई का समय उतना ही करुणा उत्पन्न करने वाला होता है। आप सभी बच्चों का कार्य व अध्ययन सराहनीय रहा है। उन्होंने विद्यार्थियों को विद्यालय पुस्तकालय में अपने चिन्ह स्वरूप एक पुस्तक भेंट करने का सुझाव दिया, ताकि धरोहर के रूप में जूनियर बच्चों को प्रेरणा मिलती रहे। प्रधानाचार्या डा. अर्पिता सिंह ने बच्चों को बोर्ड परीक्षा में सफलता के टिप्स दिए। विद्यालय के एडमिन एसके चतुर्वेदी ने सबका आभार प्रकट किया। कार्यक्रम का संचालन वैष्णवी, उत्पल, ऋषिकांत, सान्या व सर्वकृतिका ने संयुक्त रूप से किया।