कानपुर, 19 मई (हि.स.)। कानपुर पुलिस पर दो युवकों को बिना किसी जुर्म के थर्ड डिग्री देने का आरोप लगा है। आरोप बहुत गंभीर है क्योंकि प्रदेश के मुखिया हो या जिले के आलाधिकारी हमेशा पुलिस को जनता के प्रति मानवीय व्यवहार करने की हिदायत देते हैं। उसके बाद भी कुछ कर्मी इस तरीके के मामले कहीं ना कहीं पुलिस डिपार्टमेंट की छवि धूमिल करने का काम कर रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, किदवई नगर थाना क्षेत्र में हुई चैन लूट के एक मामले में पुलिस ने बाबूपुरवा निवासी कार्तिक श्रीवास्तव और चचेरे भाई सुशील श्रीवास्तव को शक के आधार पर पूछताछ के लिए थाने में बुलवाया था। लेकिन पूछताछ के नाम पर पुलिस ने जो इन दोनों भाइयों के साथ बर्बरता पूर्ण व्यवहार किया है उसको देख कर आप दंग रह जाएंगे। पीड़ित की माने तो पुलिस ने उन पर केवल शक के आधार पर थर्ड डिग्री टॉर्चर किया। उनका आरोप है कि किदवई नगर चौकी प्रभारी ललिता चौहान ने उनके साथ मारपीट की है। पीड़ितों के अनुसार, उन पर ये दबाव बनाया गया कि वो जबरन उस चैन लूट की वारदात को कबूलें जो उन्होंने की ही नहीं है। मामले में पीड़ित परिवार अपनी आप बीती आलाधिकारियों को बयां कर न्याय मांगा है।
मामले में ज्वाइंट सीपी आनंद प्रकाश तिवारी ने बताया है कि वीडियो के बारे में जानकारी मिली है। उसका संज्ञान लेते हुए जांच कराई जा रही है। वीडियो कब का है और किस संबंध में कार्रवाई हुई है सभी पहलुओं पर जांच कराने के बाद जो भी दोषी होगा उस पर कार्रवाई की जाएगी।