हिंसक वनरोज ने किसान को उतारा मौत के घाट

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– वनरोज को पकड़ने के लिए पुलिस व वन विभाग की टीम हुईं सक्रिय

हमीरपुर, 26 मार्च (हि.स.)। खेतों से चारा लेकर वापस आ रहे एक वृद्ध किसान पर वनरोज ने पीछे से हमला कर दिया और जब तक उसकी जान नहीं चली गई तब तक उसे मारता रहा। मौके पर पहुंची पुलिस ने नीलगाय को भगाया तब कहीं जाकर उसे गंभीर हालत में सुमेरपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

सुमेरपुर कस्बे के ईदगाह के सामने रहने वाले रामआसरे प्रजापति (61) खेतों से चारा लेने के बाद शाम करीब 5,30 बजे घर वापस आ रहा था। तभी पॉलीटेक्निक कॉलेज के सामने उसे अचानक से पीछे से एक वनरोज ने हमला बोल दिया। उससे बचने के लिए उसने भरसक प्रयास किया, लेकिन वह उसे मारता रहा। घटना की सूचना मिलने पर आसपास काम करने वाले पचासों लोग एकत्र होकर भगाने का प्रयास किया, लेकिन वह सफल नहीं हुए।

इसके बाद भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष सिद्धार्थ ठाकुर व पुलिस मौके पर पहुंची और उसे भगाने के लिए हर संभव प्रयास किया। गाड़ियों के हूटर बजाने पर वनरोज उस वृद्ध किसान को छोड़कर दूर भागा। तब कहीं जाकर पुलिस उसे गंभीर हालत में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लाए। जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। किसान के पास करीब 6 बीघा जमीन है। जिस पर वह खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का भरण पोषण करता था। मृतक किसान अपने पीछे पत्नी व चार पुत्रों को रोता बिलखता छोड़ कर चला गया।

मृतक के पुत्र संतराम ने बताया कि प्रतिदिन की भांति पिता खेतों में गए थे और शाम को चारा लेकर वापस आ रहे थे। तभी अचानक हुई। घटना से परिवार में कोहराम मच गया है। घटना के बाद हिंसक वनरोज को पकड़ने के लिए पुलिस के साथ वन विभाग की टीम भी घटना स्थल की ओर रवाना हुई हैं। भाजपा किसान मोर्चा के सिद्धार्थ ठाकुर ने वनरोज को पकड़ कर जंगल में छोड़े जाने की मांग की है।

इंसानों के लिए घातक बना वनरोज

जिस इंसान ने इस वनरोज को बचपन में बचाया था। वहीं अब इंसानों के लिए काल बनता जा रहा है। गौरतलब हो कि कुछ वर्ष पहले वनरोज का बच्चा कस्बे के एक पशु प्रेमी को घायल अवस्था में मिला था। जिस पर उसने इसका इलाज किया और लंबे समय तक उसे गाय और बकरी का दूध पिलाकर ठीक किया था, लेकिन ज्यों ज्यों इसकी उम्र बढ़ी तो उस पशु प्रेमी ने इसे आजाद कर दिया।

यह कस्बे के तपोभूमि क्षेत्र में घूमता फिरता रहता है और लोगों के बीच में भी खड़ा रहता था। जिस पर लोग इसे पुचकारते दुलराते थे और खाने में बिस्किट, केला आदि खिलाया करते थे। लेकिन शनिवार को वनरोज हिंसक हो गया और खेतों से लौट रहे वृद्ध किसान रामआसरे पर हमला बोल दिया जिस पर उसकी मौत हो गई। अचानक हुई इस घटना से लोग स्तब्ध हैं और लोगों के मुंह से बरबस ही निकल रहा है कि जिसको बचपन में एक इंसान ने बचाया था। उन्हीं इंसानों के लिए अब यह घातक बनता जा रहा है।