औरैया, 08 मार्च (हि.स.)। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर अपेक्षा महिला एवं बाल विकास समिति के द्वारा जनपद औरैया में शहबदिया पंचायत घर में 165 महिलाओं एवं किशोरियों के साथ समाजसेवी, सरकारी अधिकारियों के साथ मिलकर अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर अनन्ता सेमिनार का आयोजन किया गया।
सेमिनार में अपेक्षा समिति की सचिव रीना पाण्डेय ने कहा कि महिलाओ को कभी भी हिम्मत नहीं हारनी चाहिए। किसी भी काम को करने में महिला और पुरुष का अंतर नहीं होता बल्कि हिम्मत की बात होती है। यदि नारी के अंदर हिम्मत है तो कठिन से कठिन काम किया जा सकता है। हर मुसीबत से निपटा जा सकता है चाहे लाख तूफान आये। अगर चुनौती स्वीकार करेंगे तो निश्चित सफल होंगे और समाज में एक अलग स्थान होगा, अपनी पहचान होगी। बस उत्साह उमंग जज्बा नहीं खोना चाहिए। हर महिला को ये मानना चाहिए कि हम भी इंसान है हम भी सब काम कर सकते है। इतिहास भी गवाह है कि महिलाओं ने क्या नहीं किया है अगर ठान लिया तो करके ही दिखाया है समाजसेवी आशा ने गीत के माध्यम से महिलाओं को सम्बोधित किया।
मौन है स्त्री, निशब्द नहीं, आवाज है बस बोलती नहीं।
जज्बात है पर मुहं खोलती नहीं, चाहत है पर उम्मीद किसी से नहीं।।
महिलाओं ने स्लोगन के साथ गांव रैली निकाली। जिला विकास प्रबंधक चंदन कुमार ने अपने उद्बोधन में कहा कि सभी को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं भारतीय संस्कृति में नारी को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है हमारे वेद और ग्रन्थ नारी शक्ति कर योगदान से भरे पड़े है। नारी को आरंभ से ही सृजन सम्मान और शक्ति का प्रतीक माना गया है। शास्त्र से लेकर साहित्य तक नारी की महत्ता को स्वीकार किया गया है तभी कहा गया है यत्र नार्यस्तु पूजन्ते तत्र देवता रमन्ते। भारतीय महिलायें देश के विकास और प्रगति में भी अपना बहुमूल्य योगदान दे रही है। आप एक कुल नहीं दो कुलो की शान है। आपसे दो कुलो की शान सुरक्षा शिक्षा होती है।
इस अवसर पर नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक चंदन कुमार, अग्रणी जिला प्रबंधक सेंट्रल बैंक महिला शक्ति केंद्र औरैया जनपद की महिला कल्याण अधिकारी वंदना शर्मा, समाज सेविका रीना पाण्डेय, ब्रम्हा देवी, आशा देवी, सुनीता देवी, बसंती, महसर बानो आदि ने भाग लिया।